गृह मंत्री अनिल विज का पूर्व CM पर तंज:बोले- भूपेंद्र हुड्डा की उम्र हो गई है, उन्हें अपना चश्मा ठीक कराना चाहिए

अंबाला5 महीने पहले
गृह मंत्री अनिल विज।

हरियाणा के गृह मंत्री अनिल विज ने पूर्व CM भूपेंद्र सिंह हुड्डा पर तंज कसते हुए नसीहत दे डाली। विज ने कहा कि हुड्डा साहब की उम्र हो गई है। अब उन्हें अपना चश्मा ठीक कराना चाहिए।

उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार को किसान विरोधी कहने वाली कांग्रेस अपने कार्यकाल की बात करें। भाजपा ने जितना किसानों के हक में काम किया उतना किसी ने नहीं किया। गृह मंत्री ने कहा कि भाजपा ने किसानों को सबसे अधिक मुआवजा दिया है। कांग्रेस के राज में तो महज 5-5 रुपए के चेक किसानों को मिले हैं। अभी भी मुश्तरका मालकान जमीन मामले में किसानों ने CM मनोहर लाल से मुलाकात की है।

CM ने इसका हल निकालने का आश्वासन दिया है। मामला कोर्ट का है और इसका अध्ययन कराया जा रहा है।

देश को तोड़ना कांग्रेस के DNA में

सैलजा के बयान पर मंत्री विज ने कहा कि राहुल गांधी भारत को जोड़ने का कभी सोचते ही नहीं सकते, देश को तोड़ना इनके DNA में शामिल है। वर्ष 1947 में देश को आजादी मिली तो इन्होंने देश का बंटवारा कराया। उस वक्त लगभग पौने दो करोड़ लोग विस्थापित हुए और करीब 1 लाख लोगों की शहादत हुई। 1984 में कांग्रेस ने सिख दंगे कराए, जिनमें 3400 लोग शहीद हुए।

भारत जोड़ो नहीं, भारत तोड़ो यात्रा

भारत जोड़ो यात्रा जब शुरू हुई तो उन्हें लगा था की ये अपनी गलती का प्रायश्चित करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन चौथे ही दिन राहुल गांधी ने ट्विट कर निक्कर में आग लगाकर कह दिया कि 145 दिन और। इसका मतलब कि 145 दिन के बाद यह देश में आग लगा देंगे। कहा कि लोग अब समझ चुके हैं यह नया भारत है। अब इनके मंसूबे या किसी भी देशद्रोही के मंसूबों को कामयाब नहीं होने देंगे। यह भारत जोड़ा यात्रा नहीं भारत तोड़ो यात्रा है।

आइना कभी झूठ नहीं बोलता

मनीष सिसोदिया के स्टिंग ऑपरेशन पर दिए बयान पर गृह मंत्री ने कटाक्ष करते हुए कहा कि आइना कभी झूठ नहीं बोलता, जो दिखाया गया है उसे वह किस प्रकार से नकार सकते हैं। सारे देश ने वीडियो देखा और यह कैसे उसे झूठ ला सकते हैं।

AAP विधायकों की खरीद-फरोख्त के आरोपों पर प्रतिक्रिया

गृह मंत्री अनिल विज ने कहा कि AAP सारे देश में तमाशे कर रही है। यहां पर इन्होंने खुद को प्रस्तुत किया है कि हम बिकने के लिए तैयार हैं। कैसे इन्होंने खुद जाकर ज्ञापन दिया। यह तमाशे करते हैं और इन्हें अब अपनी तमाशा कंपनी बना लेनी चाहिए। राजनीति इनके बस की बात नहीं है।