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केबल संचालकों की मुश्किलें बढ़ी:कैंट नगर परिषद ने 60 को नोटिस दिए; केबल प्रसारण के लिए लाइसेंस नहीं लेने और गलत तरीके से तारें डालने का आरोप

अम्बालाएक महीने पहले
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प्रतीकात्मक फोटो - Dainik Bhaskar
प्रतीकात्मक फोटो

नगर परिषद अम्बाला सदर ने बिना अनुमति केबल दिखाने वाले केबल टीवी ऑपरेटरों को नोटिस जारी कर दिए हैं। आरोप है कि नप अनुमति के बिना व बिना लाइसेंस के केबल ऑपरेटर चैनलों का प्रसारण कर रहे हैं। इतना ही नहीं नगर परिषद स्ट्रीट लाइटों के पोलों पर तारें अवैध तरीके से बांधी जा रही हैं। नगर परिषद ने करीब 60 केबल ऑपरेटरों को नोटिस जारी कर दिए हैं। नगर परिषद के सचिव राजेश कुमार ने कहा कि केबल ऑपरेटरों को 5 दिनों का समय दिया गया है जिसके बाद नगर परिषद द्वारा केबल के जाल को हटाया जाएगा।

इस समय अलग-अलग कंपनियों के करीब 70 केबल ऑपरेटर हैं जोकि हजारों घरों में केबल टीवी का प्रसारण कर रहे हैं। इन्हीं ऑपरेटरों को नगर परिषद ने वीरवार से नोटिस जारी करने आरंभ कर दिए हैं। केबल प्रसारण करने के लिए नगर परिषद से लाइसेंस लेना अनिवार्य होता है, मगर किसी भी ऑपरेटर को अब तक नप की ओर से अनुमति प्रदान नहीं की गई है। यानि अब तक केबल अवैध तरीके से चलाई जा रही थी जिसपर अब नगर परिषद द्वारा सख्ती दिखाई गई है।

नगर परिषद की रेंट ब्रांच की ओर से ये नोटिस जारी जा रहे हैं। वहीं नगर परिषद की इस कार्रवाई को लेकर ऑपरेटर भी हैरान हैं क्योंकि बीते कई वर्षों से केबल टीवी चलाई जा रही हैं और अब एकाएक इतने नोटिस क्यों जारी किए गए। नप सचिव राजेश कुमार ने कहा कि बिना अनुमति के केबल टीवी चलने नहीं दी जाएगी और पहले ऑपरेटरों को नप से लाइसेंस लेना होगा। अब तक करीब 60 नोटिस जारी किए जा चुके हैं।

केबल एसो. पदाधिकारी बोले- उनके पास लाइसेंस है
अम्बाला केबल एसोसिएशन के प्रधान योगेंद्र सिंह छोटू ने कहा कि केबल ऑपरेटर केबल टेलीविजन नेटवर्क एक्ट के तहत रजिस्टर्ड हैं और पूरे मानकों के अनुसार वह काम कर रहे हैं। केबल टीवी केवल एक कंपनी चला रही है जबकि आज दर्जनों ब्राडबैंड सेवा प्रदान करने वाली कंपनियां हैं जिनके तारों के जाल लटक रहे हैं। इनके खिलाफ नगर परिषद को कार्रवाई करनी चाहिए।

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