राजपूत समाज के लोग सड़क पर उतरे:डीसी 50 कदम की दूरी पर थे, लेकिन ज्ञापन लेने नहीं आए, राजपूतों ने चौक पर जाम लगाया तो दो किमी. दूर मनाने पहुंचे

यमुनानगर2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
यमुनानगर| राजपूत समाज के लोगों द्वारा जाम लगाने पर वाहनों की लगी लंबी कतार - Dainik Bhaskar
यमुनानगर| राजपूत समाज के लोगों द्वारा जाम लगाने पर वाहनों की लगी लंबी कतार
  • राजपूत समाज के लोगों की मांग-मिहिर भोज के नाम से गुर्जर शब्द हटाया जाए
  • कांस्टेबल का एग्जाम देने वाले जाम में फंसे, बहुत से समय पर नहीं पहुंच पाए
  • महाराणा प्रताप चौक पर 30 मिनट जाम से 3 घंटे तक परेशान रहा शहर

जगाधरी में छछरौली रोड त्रिवेणी चौक पर लगी राजा मिहिर भोज की प्रतिमा पर गुर्जर लिखा होने के विरोध में राजपूत समाज के लोग सड़क पर उतर आए। सुबह लघु सचिवालय के सामने मंडी में जुटे। डीसी को ज्ञापन देना था, लेकिन दो घंटे तक कोई ज्ञापन लेने नहीं आया। जबकि डीसी ऑफिस में थे। इसके बाद फैसला हुआ कि महाराणा प्रताप चौक जाम किया जाएगा।

करीब दो किलोमीटर तक रोष मार्च निकालते हुए चौक पर पहुंच जाम लगा दिया। इससे पूरा शहर जाम हो गया। शनिवार को पुलिस कांस्टेबल भर्ती की परीक्षा देने के लिए हजारों युवा आए हुए थे। ये जाम में फंस गए। जो अधिकारी एग्जाम ड्यूटी में लगे थे वे जाम लगने की सूचना मिलते ही महाराणा प्रताप चौक पर जाम खुलवाने पहुंचे।

एसपी कमलदीप गोयल ने जाम लगाने वालों को मनाने के लिए यहां तक कहा कि वे उनके सामने हाथ जोड़कर रिक्वेस्ट कर रहे हैं कि जाम खोल दें। क्योंकि युवाओं के भविष्य की परीक्षा चल रही है, लेकिन जाम नहीं खोला। इसके बाद डीसी गिरीश अरोड़ा वहां पहुंचे। उन्होंने बात सुनी। करीब 30 मिनट बाद डेढ़ बजे जाम खोला गया।

डीसी ने अपने ऑफिस में प्रदर्शन करने वालों के नेताओं को बुलाया और उनकी बात सुनी। उनकी मांग थी कि शिक्षा मंत्री कंवरपाल को मौके पर बुलाया जाए। वहीं सम्राट मिहिर भोज के नाम से गुर्जर शब्द हटाकर हिंदू सम्राट लिखा जाए। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि सरकार से बात कर इस पर फैसला लिया जाएगा। इसके बाद शाम चार बजे समाज के लाेग शिक्षा मंत्री से मिलने उनके आवास पर पहुंचे।

युवा बोले-राजपूतों के इतिहास के साथ हो रही छेड़छाड़, जिसका हम विरोध कर रहे हैं
राजपूत समाज के रामबीर तिगरा, योगेंद्र चौहान, बिमलेश, रिंकू राणा, कुशपाल, सागर चंडीगढ़, सुबोध राणा, सलिंद्र राणा, विनोद राणा, लक्की राणा, जंगशेर राणा और सागर प्रताप ने कहा कि राजपूत समाज के इतिहास के साथ छेड़छाड़ की जा रही है। राजा मिहिर भोज की प्रतिमा का जगाधरी में शिक्षा मंत्री कंवरपाल ने अनावरण किया।

प्रतिमा पर मिहिर भोज के नाम के साथ गुर्जर लगाया गया। जबकि वे गुर्जर नहीं हैं। इसे लेकर पहले भी राजपूत समाज के लोगों ने विरोध किया था। वहीं, अब अखिल भारतीय गुर्जर महासभा की ओर से फरीदाबाद के अनंगपुर में दिल्ली के सम्राट महाराजा अनंगपाल तोमर व सम्राट मिहिर भोज को गुर्जर प्रतिहार सम्राट बताकर आठ अगस्त को उनकी प्रतिमा क अनावरण केंद्रिय मंत्री कृष्णपाल गुर्जर और अन्य नेता करेंगे। इसका वे विरोध कर रहे हैं।

अफसर समझदारी दिखाते तो ये हालात न बनते
राजपूत समाज के लोगों की जाम की रणनीति को प्रशासन समझ ही नहीं पाया। इनके प्रदर्शन को हल्के में लिया। शहर में कांस्टेबल भर्ती का एग्जाम होने के चलते प्रशासनिक अमला उसमें लगा था। कोई मौके पर उनका ज्ञापन लेने नहीं आया। डीसी को कैंप ऑफिस में ज्ञापन देने वे नहीं गए। सीधे जाम लगाने पहुंच गए। शहर में तीन घंटे तक हालात खराब रहे। बहुत से युवा परीक्षा सेंटर पर समय पर नहीं पहुंच पाए।

प्रतिमा का शिक्षा मंत्री ने किया था अनावरण
गुर्जर समाज की ओर से चौक मिहिर भोज के नाम पर रखने की लंबे समय से मांग की जा रही थी। पहले मटका चौक पर प्रतिमा लगाने की मांग उठी, लेकिन इसे नहीं माना गया। छछरौली रोड जगाधरी में त्रिवेणी चौक का नाम गुर्जर सम्राट मिहिर भोज चौक रखा गया। यहां उनकी प्रतिमा लगवाई गई जिसका सात मार्च को शिक्षा मंत्री कंवरपाल ने अनावरण किया था। यहां पर 14 फीट की प्रतिमा लगाई गई थी। इस पर करीब 14 लाख रुपए खर्च हुए हैं।

खबरें और भी हैं...