इनकम टैक्स रेड:छापेमारी अधिकांश जगह पूरी, टीम ने बैंक खाते व लॉकरों को जांच कर किया सील

यमुनानगर6 दिन पहले
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  • संबंधित खातों से जांच पूरी होने तक किसी भी तरह का लेन-देन नहीं हो सकेगा

शहर के प्लाईवुड कारोबारियों के घर, फैक्ट्री व इनके पार्टनरों के यहां चल रही इनकम टैक्स विभाग की रेड की कार्रवाई शुक्रवार को अधिकांश स्थानों पर पूरी हो गई। दो स्थान एडविन बैटरी व ट्रीनोक्स लेमिनेट परिसर में अभी भी टीम डटी हुई है। अन्य स्थानों पर से टीमें जांच पूरी कर जा चुकी है। विभागीय सूत्रों के अनुसार आयकर अधिकारियों द्वारा जिन उद्योगपतियों के यहां पर छापेमारी की गई थी, शुक्रवार को उनसे संबंधित बैंकों की शाखाओं में जाकर खातों की जांच कर इन्हें अटैच (अपने अधिकार में लेना) कर लिया। वहीं इन लोगों के बैंक लॉकरों को सील किया है, जांच पूरी होने के बाद निर्णय होगा कि इन लॉकर व खातों को फ्री किया जाएगा या आगे क्या कार्रवाई होगी। इस पूरी कार्रवाई में एक माह तक का समय लग सकता है। शुक्रवार को इनकम टैक्स के अधिकारी अलग-अलग बैंकों की ब्रांचों में देर शाम तक खातों व लॉकरों को सील करने में लगे थे। करीब 15 लॉकर्स को सील किया जाना है।

गौतलब है कि इनकम टैक्स विभाग की बीस से अधिक टीमें जिनमें करीब ढाई सौ से अधिक अधिकारी शामिल थे, उन्होंने शहर के छह प्लाईवुड व वुड कारोबारियो के यहां मंगलवार सुबह छापेमारी की थी। इस छापेमारी में पूर्व विधायक दिलबाग सिंह से जुड़े कारोबार के परिसरों, उनके पार्टनर, शहर विधायक के पारिवारिक रिश्तेदार सहित शहर की अन्य हस्तियां शामिल रहीं। इन टीमों ने यूनिक वुड, यूनिक पैनल, पांसरा टिंबर, राधा कृष्ण प्लाइवुड, यूनाइटिड टिंबर, ट्रीनोक्स लेमिनेट व एडविन बैट्री से जुड़े कारोबार व कारोबार में सहयोगियों के यहां पर कई दिन तक लेनदेन की जांच की।

स्टॉक की इनवेंट्री बनाने में लग रहा समय... इनकम टैक्स विभाग की टीमें अन्य कार्रवाई तो पूरी कर चुकी हैं पर उन्हें अभी भी ट्रीनोक्स लेमिनेट व एडविन बैट्री फैक्ट्री में मिले तैयार व कच्चे माल के स्टाॅक की लिस्टिंग करने (इनवेंट्री बनाने) में काफी समय लग रहा है। इसके साथ ही यहां पर लेबर से जुड़े रिकाॅर्ड को तैयार करने में भी काफी समय लग रहा है क्योंकि इसमें भारी गड़बड़ी बताई जा रही है।
कैश-ज्वेलरी के अलावा विदेशी निवेश के कागजात मिले| रेड के दौरान आयकर की टीमों को अब तक की जांच में विभिन्न स्थानों से 10 करोड़ से अधिक कैश, 7 करोड़ की ज्वेलरी, 15 लॉकर, बेनामी विदेशी निवेश, यमुनानगर सहित दूसरे शहरों में प्रापर्टी में किया बेहिसाबी निवेश के कागजात मिले हैं।

अब आगे ये होगा... आयकर विभाग की टीम बरामद कैश, ज्वेलरी, विदेशी व देशी निवेश, बैंक खातों, लॉकरों में सामान व कागजातों का अध्ययन करेगी। इसके साथ ही लैपटॉप, कंप्यूटर व मोबाइल्स से जो डाटा कॉपी किया गया है, उनका भी एक्सपर्ट अध्ययन करेंगे। इस पूरे प्रोसेस में एक माह तक का समय लग सकता है। इसके बाद ही यह तय होगा कि रिटर्न में क्या-क्या छिपाया गया। उस पर क्या पैनल्टी बनती है। यानी जब तक जांच पूरी नहीं होती और पैनल्टी तय नहीं होती तब तक खाते व लॉकर सील ही रहेंगे।

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