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निजी अस्पतालों में 6 घंटे बंद रही ओपीडी:प्राइवेट चिकित्सकों ने काले बैज लगाकर किया प्रदर्शन, मांगों को लेकर पीएम के नाम सौंपा ज्ञापन

भिवानीएक महीने पहले
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भिवानी। डीसी जयबीर सिंह आर्य को प्रधानमंत्री के नाम मांगों का ज्ञापन सौंपते चिकित्सक। - Dainik Bhaskar
भिवानी। डीसी जयबीर सिंह आर्य को प्रधानमंत्री के नाम मांगों का ज्ञापन सौंपते चिकित्सक।

एक केंद्रीय सुरक्षा कानून, फास्ट ट्रैक कोर्ट की स्थापना व अस्पताल को सुरक्षित क्षेत्र घोषित करने समेत विभिन्न मांगों को लेकर शुक्रवार को राष्ट्रीय आइएमए के आह्वान पर जिले भर में आइएमए से जुड़े प्राइवेट नर्सिंग होम संचालक चिकित्सकों ने छह घंटे तक ओपीडी सुविधा बंद रखी। प्राइवेट चिकित्सकों ने काली पट्टियां बांधकर, काले बैज व काले मास्क लगाकर मांगें न मानने पर प्रदर्शन किया। इसके अलावा मंत्री, सांसद, विधायक आवास व डीसी कार्यालय में प्रधानमंत्री व गृह मंत्री के नाम ज्ञापन दिया।

आईएमए ने मांगों को लेकर 18 जून को ओपीडी बंद रखने की चेतावनी दी थी। इसी के तहत शुक्रवार को प्राइवेट नर्सिंग होम संचालकों ने सुबह 8 से दोपहर दो बजे तक ओपीडी बंद रखकर प्रदर्शन किया और ज्ञापन सौंपे। इस दौरान आइएमए हरियाणा के अध्यक्ष डॉ. करन पूनिया ने बताया कि शुक्रवार को आईएमए चिकित्सकों द्वारा पूर्व घोषित 6 घंटे की ओपीडी सेवा बंद रखी गई। अगर सरकार ने मांगें नहीं मानी तो प्राइवेट चिकित्सक अनिश्चितकालीन बंद का आह्वान करने पर मजबूर होंगे।

आईएमए के ब्रांच अध्यक्ष डॉ. अजीत गुलिया, डॉ. पंकज मुटनेजा व डॉ. रमेश गोयल ने कहा कि यह चिंताजनक है कि देश के नागरिकों को सुरक्षा कानून बनवाने के लिए आंदोलन करना पड़ रहा है। इस मौके पर राज्य उपाध्यक्ष डॉ. अजय महाजन, डॉ. राधा मोहन अरोड़ा, डॉ. पुनीता हसीजा, डॉ. मुकेश पंवार, डॉ. स्वस्ति शर्मा, डॉ. वंदना पूनिया, डॉ. नरेंद्र तनेजा, डॉ. अनिता पंवार, डॉ. लवकेश रोहिल्ला, डॉ. प्रमोद आनंद, डॉ. सतवीर धनखड़, डॉ. आनंद कुमार, डॉ. ईश्वर गुप्ता आदि चिकित्सक उपस्थिति थे।

एमरजेंसी सेवाएं रहीं जारी
प्राइवेट नर्सिंग होम के चिकित्सकों द्वारा शुक्रवार को 6 घंटे तक ओपीडी बंद रखने से प्राइवेट स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित रही। हालांकि प्राइवेट अस्पतालों में हड़ताल के बावजूद एमरजेंसी सेवाएं सुचारू रही। इसके चलते गंभीर रूप से बीमारी रोगियों को उपचार के लिए परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा।

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