ड्रेस कोड सुधार:फुल यूनिफार्म में आएं सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी : सभ्रवाल

चरखी दादरी10 दिन पहले
  • कॉपी लिंक

जब निजी विद्यालयों के बच्चे अपनी पूरी यूनिफार्म पहन कर स्कूल जा रहे हैं तो सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी भी अपने ड्रेस कोड का सुधार करते हुए इस आदत को अपनाएं। उन्हें भी अच्छी तरह नहा-धोकर, साफ-सुथरे चेहरों के साथ फुल यूनिफार्म पहन कर स्कूल में आना चाहिए, जिससे कि अनुशासन की भावना बच्चों में जागृत हों। सरकारी स्कूलों के प्राचार्य, मुख्याध्यापक और अभिभावकों के बीच आजकल यही मुहिम चलाई हुई है जिला शिक्षा अधिकारी जेपी सभ्रवाल ने।

वे अब तक दादरी और बौंद ब्लॉक के अधिकारियों की बैठक ले चुके हैं और जल्दी ही बाढड़ा खंड की बैठक भी बुलाई जाएगी। इन बैठकों में जिला शिक्षा अधिकारी ने स्कूलों के प्रिंसिपल व मुख्याध्यापकों को यही निर्देश दिए हैं कि सरकारी स्कूलों के बच्चे भी पूरी यूनिफार्म पहन कर स्कूल में आए।

आमतौर पर यह देखा जाता है कि राजकीय विद्यालयों में ड्रैस तो लगाई गई है, लेकिन किसी बच्चे के पांव में जूते नहीं होते तो कोई शर्ट दूसरी पहन कर स्कूल में आ रहा है। इससे सरकारी और निजी विद्यालयों के बच्चों में फर्क साफ नजर आता है। जब कि सरकारी स्कूलों में सुविधाएं प्राइवेट से अधिक हैं। जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा है कि सभी अधिकारियों को यह कहा गया है कि 15 अक्टूबर तक अभिभावकों और विद्यार्थियों को फुल ड्रैस में आने के लिए जागरूक किया जाए।

खबरें और भी हैं...