कोरोना संक्रमण:डिफेंस कॉलोनीवासी साइंटिस्ट की संक्रमण से मौत, फिलहाल नया स्ट्रेन नहीं पर खतरा पहले जैसा ही

हिसार9 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
  • स्टूडेंट, सिक्योरिटी गार्ड सहित 4 नए पॉजिटिव मिले, ट्रैवल हिस्ट्री वाले रोगी भी आ रहे चपेट में

कोरोना की रफ्तार धीमी है लेकिन असर आज भी उतना घातक है जितना पिछले साल था। शहर के डिफेंस कॉलोनी में रहने वाले एचएयू के मृदा विज्ञान विभाग में कार्यरत साइंटिस्ट 55 वर्षीय कोरोना पॉजिटिव ने उपचार के दौरान अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में दम तोड़ दिया। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार रोगी 15 साल से मधुमेह ग्रस्त थे। इसके अलावा गुर्दा रोग ने भी जकड़ा हुआ था।

इसके साथ ही कोरोना संक्रमण की चपेट में आने पर 27 फरवरी को उपचार के लिए निजी अस्पताल से अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में दाखिल करवाया था। स्वास्थ्य बिगड़ने पर वेंटीलेटर पर रखा था, जहां शनिवार को दम तोड़ दिया। वहीं, जिला में चार नए संक्रमित मिले हैं। इनमें टिब्बा दानाशेर में रहने वाला 62 वर्षीय वृद्ध, मिर्जापुर में 19 वर्षीय छात्र, रामायण गांव में 63 वर्षीय वृद्धा और अग्रोहा में 47 वर्षीय सिक्योरिटी गार्ड कोरोना पॉजिटिव है। जिले में अभी तक 17162 लोग संक्रमित हो चुके हैं जिनमें से 16812 स्वस्थ हुए हैं और 22 एक्टिव केस हैं।

बता दें कि रिकवरी रेट बढ़कर 98 फीसद से ज्यादा हो गया था लेकिन पिछले कुछ दिनों से लगातार केस मिलने पर यह लुढ़ककर 97.96 फीसद आ गया है। वहीं, संक्रमण ग्रस्त 328 लोग जान गंवा चुके हैं। इस साल 9वीं मौत हुई है। इसलिए अब संभल जाइये। मास्क पहनें, सोशल डिस्टेंस रखें।

जानिए, आयुष विभाग के डॉक्टर्स व स्टाफ के लिए सेक्टर 1-4 यूपीएचसी में टीकाकरण की सुविधा

कोविन पोर्टल से तो नहीं लेकिन आयुष विभाग के डॉक्टर्स व स्टाफ को आई लाएं और टीका लगवाएं के तहत कोरोना से बचाव का टीका लगाया जाएगा। इसके लिए सेक्टर 1-4 अर्बन प्राइमरी हेल्थ सेंटर में सुविधा मुहैया करवाई है। विभाग के डॉक्टर्स व स्टाफ अपने साथ एक-एक आईडी लेकर जाएंगे, जहां ऑन द स्पॉट उनका रजिस्ट्रेशन करके टीका लगेगा। इसके बाद मोबाइल पर मैसेज भेजेंगे। इसको लेकर हेल्थ अफसराें ने विभाग के जिला आयुर्वेदिक अधिकारी को कॉल करके मैसेज दिया है ताकि जल्द से जल्द सभी टीका लगवा लें।

बता दें कि विभाग में 100 डॉक्टर्स व कर्मचारियों का स्टाफ कार्यरत है। टीकाकरण का पहला,दूसरा व तीसरा चरण शुरू होने के बाद भी विभाग का स्टाफ टीकाकरण से वंचित रहा था। कोविन पोर्टल पर इनकी लिस्ट नहीं दर्शाने के कारण टीकाकरण के लाभार्थियों में नाम शामिल नहीं हो पाया था। दैनिक भास्कर ने यह मुद्दा उठाया था, जिसके बाद हेल्थ अफसरों ने संज्ञान लेते हुए उक्त व्यवस्था की है। दरअसल, विभाग के डॉक्टर्स व स्टाफ ने बतौर वॉरियर्स अपनी सेवाएं दी थी।

नया स्ट्रेन पहले के मुकाबले तेजी से फैलता है और घातक भी

हिसार में अभी तक नए स्ट्रेन का केस नहीं मिला है। सप्ताह में लिए कुल सैंपल में से कुछ सैंपल्स को जांच के लिए दिल्ली की लैब में भिजवा रहे हैं जहां नए स्ट्रेन को डिटेक्ट किया जाता है। अभी तक भेजे गए सैंपल्स में से कोई भी नये स्ट्रेन का नहीं है। हालांकि अन्य राज्यों में नये स्ट्रेन के केस मिल रहे हैं। यह स्ट्रेन पहले के मुकाबले तेजी से फैलता है और घातक है। इसलिए अलर्ट रहते हुए सावधानी बरतें।

टीकाकरण में 60 प्लस आगे 211 ने लगवाया पहला टीका

तीसरे चरण के टीकाकरण की दौड़ में 60 प्लस वृद्ध सबसे आगे हैं। शनिवार को 211 वृद्धों ने कोरोना से बचाव का पहला टीका लगवाया है। वहीं, 45 से 60 वर्ष तक के गंभीर रोगों से ग्रस्त 18 लोग भी टीका लगवाने पहुंचे स्वास्थ्य केंद्राें पर पहुंचे थे। बता दें कि जिस दिन से तीसरे चरण का टीकाकरण शुरू हुआ है, उसी दिन से 60 प्लस सीनियर सिटीजन टीका लगवाने में अव्वल हैं।

वर्तमान में 16 स्वास्थ्य केंद्रों पर टीकाकरण की सुविधा उपलब्ध है। इनके अलावा 22 हेल्थ वर्करों ने पहला और 116 वर्करों ने दूसरा, 11 पुलिस कर्मियों व 2 रेवेन्यु कर्मियों ने पहला टीका लगवाया है। प्रथम व द्वितीय चरण के 13641 लाभार्थी पहला टीका लगवा चुके हैं।

कोरोना सुस्त हुआ है, खत्म नहीं

ट्रैवल हिस्ट्री वाले रोगी भी सामने आ रहे हैं। पंजाब, राजस्थान, यूपी और मुंबई तक की ट्रैवल हिस्ट्री वाले रोगी मिले हैं। लोगों की बेपरवाही देख लगता है कि कोरोना खत्म हो चुका है लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं है। कोरोना सुस्त हुआ है खत्म नहीं। यह उतना ही घातक है जितना पहले था। इसलिए कोरोना से बचाव के उपायों को अपनाते रहें। ट्रेवल करें तो भी उपायों को अपनाएं। भूल करेंगे तो संक्रमण की चपेट में आ सकते हैं।'' -डॉ. जया गोयल, आइडीएसपी इंचार्ज।

खबरें और भी हैं...