भूपेंद्र हुड्‌डा का आदमपुरवासियों को ऑफर:बोले- वोट 1 डालोगे, विधायक 2 बनेंगे; प्रचार से दूर कांग्रेसियों को दी चेतावनी

हिसार3 महीने पहले
हुड्‌डा आदमपुर में वर्करों से राम रमी करते हुए।

हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्‌डा आज आदमपुर में कांग्रेस उम्मीदवार जय प्रकाश के चुनाव प्रचार के लिए पहुंचे। हुड्‌डा ने आदमपुर मंडी में पार्टी वर्करों और वोटरों से मुलाकात की। हुड्‌डा ने आदमपुर के लोगों से कहा कि मैं जिसका हाथ पकड़ लेता हूं। उसे छोड़ता नहीं हूं।

आदमपुर के भाईयों के पास एक मौका है। आज मैं आदमपुर का हाथ पकड़ने आया हूं और मुझे अपना हाथ पकड़ा दो। यह मौका कभी- कभी आता है। हुड्‌डा ने कहा कि तुम वोट एक डालोंगे। परंतु तुम्हारे एमएलए दो बनेंगे, एक जयप्रकाश और दूसरा भूपेंद्र सिंह हुड्‌डा। क्योंकि मेरा गांव भी साथ है। मेरे आए कि तुम इज्जत रखो।

चुनाव प्रभारियों की ली मीटिंग
हुड्‌डा ने चुनाव प्रभारियों की मीटिंग लेते हुए कहा कि चुनाव में जो माहौल देखा, उससे हम जीत की ओर बढ़ रहे हैं। इसे ओर मजबूती देनी है। सभी को यहीं ड्यूटी देनी पड़ेगी। चुनाव की रिपोर्ट रोज जोनल दफ्तर में देनी होगी। 40 हजार वोट ढाणियों में है। उन्हें लाने के लिए प्रबंध करना पड़ेगा। आखिरी रात कत्ल की रात होती है, उसमें सोना नहीं है। आखिरी हफ्ता जाे होता है जागू रहो और लागू रहो।

जयप्रकाश का नॉमिनेशन भरवाने पहुंचे थे हुड्‌डा
जयप्रकाश का नॉमिनेशन भरवाने पहुंचे थे हुड्‌डा

मेरे पास दो लिस्ट
हुड्‌डा ने कहा कि मेरे पास दो लिस्ट है, जो दिन- रात काम कर रहे हैं और ऐसे भी है जो आए ही नहीं। जोनल इंचार्ज बता देंगे कि कौन आया या नहीं। हुड्‌डा ने कहा कि इस हलके में माहौल आपके हक में है। जयप्रकाश के पास मैं सांसद था। ऐसा भी एमपी है जो न कभी लोकसभा में नहीं बोला और न ही कभी विधानसभा में बोला। किसानों का तो इन्हें वोट देने का हक बनता नहीं है।

प्रदेशाध्यक्ष उदयभान ने वर्करों को संबोधित करते हुए कहा कि पूर्व सीएम 27,28,29 और 30 अक्टूबर को आदमपुर में दौरे करेंगे। मैं खुद और सांसद दीपेंद्र हुड्‌डा 27 से 1 नवंबर तक आदमपुर में रहेंगे।

नामांकन दाखिल करवाने के बाद तीसरी बार आए हुड्‌डा
भूपेंद्र हुड्‌डा आदमपुर में उपचुनाव की घोषणा के बाद तीसरी बार आए है। पहली बार हुड्‌डा जयप्रकाश का नामांकन दाखिल करवाने पहुंचे थे। इसके बाद दूसरी बार पिछले सप्ताह शुक्रवार को रिटायर्ड आईएएस चंद्रप्रकाश को जॉइन करवाने और इंटक की सभा को संबोधित किया था।