HAU में 19 प्रगतिशील किसान सम्मानित:आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल करके कमा रहे लाखों रुपए, पशु पालन भी करते

हिसार3 महीने पहले
19 किसानों को सम्मानित किया।

हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय में चल रहे दो दिवसीय किसान मेले में यूनिवर्सिटी VC बलदेव राज कंबोज ने प्रदेश के 19 प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया। यह किसान परंपरागत खेती से हटकर आधुनिक तकनीक से खेती कर रहे हैं।

पंचकूला के किसान संदीप कुमार 20 एकड़ में आधुनिक तरीके से खेती करते हैं। 2 साल से धान की सीधी बिजाई कर रहे हैं। गन्ना, आलू, प्याज की 20 एकड़ में खेती करते हैं। उसके खेत में प्रति एकड़ गन्ने का उत्पादन 500 से 550 क्विंटल होता है, जबकि सामान्य 300 से 400 क्विंटल उत्पादन होता है। 2016 में हरियाणा सरकार द्वारा उसे दुग्ध उत्पादन में सम्मानित किया जा चुका है।

सोनीपत के सतेंद्र सिंह 2 साल से जैविक खेती कर रहे हैं। साथ ही जैविक खाद भी तैयार करके बेच रहे हैं। सतेंद्र सिंह ने बताया कि उसकी खुद की 4 एकड़ जमीन है। बाकी करीब 25 एकड़ ठेके पर लेकर खेती करते हैं। हर महीने 4 लाख रुपए तक कमाते हैं। जैविक खाद तैयार करके बेचते हैं। साथ ही पशु पालन भी करते हैं

करनाल के किसान गुरबाज सिंह विर्क 2007 से गेहूं और धान की नई किस्में ईजाद करके सीधे किसानों को बेच रहे हैं। गुरबाज ने आधुनिक खेती एक छोटे किसान को देखकर सीखी। 2007 से वह सीड्स प्रोडक्शन कर रहा है। हर साल गेहूं और बासमती की नई किस्म तैयार करके सीधे किसानों को को खेत से ही बेच रहा है।

उन्होंने अपनी कोई फर्म या कंपनी नहीं बनाई। 40 एकड़ में धान की नर्सरी तैयार करके उसे बेचते हैं। 3 एकड़ में सब्जियों की नर्सरी तैयार करते हैं। पूरी भूमि की जुताई हैप्पी सीडर से करते हैं। वे करनाल के पहले किसान थे, जिन्होंने हैप्पी सीडर से फसलों की बिजाई शुरू की थी। वे भारतीय गेहूं जो अनुसंधान केंद्र करनाल और पंजाब कृषि विश्वविद्यालय लुधियाना से जुड़े हुए है।

इन किसानों को किया गया सम्मानित

कृषि मेला में प्रदेश के प्रगतिशील किसानों को भी सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वाले किसानों में बावल के ढानी सुंदरोज से वेद प्रकाश, सोनीपत के गांव थाना खुर्द से सतेंद्र, पंचकूला के गांव ठरवा से संदीप, करनाल के गांव डबरी से गुरबाज सिंह, जींद से नवीन, यमुनानगर के गांव मारवा कलां से राम प्रताप सिंह, पानीपत के इसराना से पोरस, हिसार के गांव सलेमगढ़ से विकास, महेंद्रगढ़ के गांव ककराला से विरेन्द्र सिंह, अंबाला के गांव खतौली से आदित्य जिंदल, कैथल के गांव चीका से अमित गोयल, रोहतक के गांव मरोधी से राजकुमार, मंडकोला के गांव औरंगाबाद से राकेश कुमार, कुरुक्षेत्र के पेहोवा से प्रकाश सिंह, भिवानी के गांव लोहानी से अशोक शर्मा, फरीदाबाद के गांव बहादरपुर से कुलदीप कौशिक, फतेहाबाद के गांव धौलू से राधे श्याम, सिरसा की ढाणी शेरा से रमेश भादू एवं झज्जर के गांव नांगली से जोगिन्द्र गुलिया शामिल हैं।