प्रशासन ने धान खरीदने को कहा:टोहाना के राइस मिलर्स का पंजीकरण नहीं आज रतिया के राइस मिलर खरीदेंगे धान

टोहाना12 दिन पहले
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  • 20 का हो चुका है पंजीकरण, खरीद एजेंसियां भेज सकती हैं धान : राईस मिलर्स

सरकार के साथ शर्तों पर सहमति बनने के बाद राइस मिलर्स ने सीएमआर के लिए अपना पंजीकरण करवाना शुरू कर दिया है। एक और धान की पूरी खरीद न होने के विरोध में किसानों का रोष बढ़ता जा रहा है। जिसको देखते हुए प्रशासन ने शुक्रवार को रतिया के राइस मिलर्स को धान खरीदने के लिए कहा है। वहीं स्थानीय राइस मिलर्ज का कहना है कि 20 राइस मिलर्स का पंजीकरण हो चुका है इसलिए खरीद एजेंसियां उन्हें अपना माल दे सकती हैं

राइस मिलर्स एसोसिएशन के जिला प्रधान मोंटू अरोड़ा ने बताया कि टोहाना में 35 राइस मिलर्स सरकारी धान की मिलिंग सीएमआर का कार्य करते हैं। उन्होंने बताया कि इनमें से 20 मिल का रजिस्ट्रेशन हो चुका है जबकि श्ुक्रवार सुबह तक लगभग सभी मिलर्स का रजिस्ट्रेशन हो जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकारी खरीद एजेंसियां चाहे तो शुक्रवार से ही टोहाना के राइस मिलों में अपना धान भेज सकती हैं। जिला प्रधान ने कहा कि राइस मिलर्स एसोसिएशन सरकार के साथ है तथा उनके साथ मिलकर कार्य करने को भी तैयार है।

रजिस्ट्रेशन में होने के कारण रतिया के राइस मिलर्स को बुलाया

मार्केट कमेटी सचिव मनोज दहिया ने बताया कि टोहाना के राइस मिलर्स का रजिस्ट्रेशन न होने, किसानों के रोष व अनाज मंडी में अधिक धान की आवक होने के कारण रतिया के राइस मिलर्स को शुक्रवार को टोहाना में खरीद करने के लिए कहा गया है। जैसे ही टोहाना के राइस मिलर्स का पंजीकरण हो जाएगा तो टोहाना के राइस मिलर धान की खरीद करेंगे।

इधर...बबली की अगुवाई में राइस मिल एसो. का समूह दुष्यंत चौटाला से मिला

टोहाना | विधायक देवेंद्र सिंह बबली ने राइस मिल एसोसिएशन की मांगों तथा उनकी समस्याओं के निपटान हेतू उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला से चंडीगढ़ में एसोसिएशन प्रतिनिधियों के साथ मिले। राइस मिल एसोसिएशन के प्रतिनिधि मंडल के डिप्टी सीएम को मांग पत्र सौंपकर विभिन्न समस्याओं के समाधान के लिए आग्रह किया।

उप मुख्यमंत्री ने राइस मिल एसोसिएशन की समस्याओं को सुनकर अधिकांश समस्याओं का मौके पर समाधान करवाया तथा उनकी सभी जायज मांगों को पूरा करवाने का आश्वासन दिया। विधायक देवेंद्र सिंह बबली व एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने उप मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।

राइस मिलर्ज ने रखी ये मांगें

प्रतिनिधि मंडल ने मांग रखी कि उनके ऊपर लगाई गई 1% और 2.5% बैंक गारंटी को वापस लिया जाए। गत वर्षों में कोई बैंक गारंटी नहीं थी क्योंकि एसो. यह मांग भी करते आए हैं कि सरकार की मिलों में अपनी कस्टडी में धान लगा ले। एसो. एडवांस में चावल देकर धान उठाते रहेंगे। पिछले रिकॉर्ड को देखते हुए सीमांत किसानों के धान की रजिस्ट्रेशन को खुलवाया जाए।

इस वर्ष का बोनस 20 रुपये 15 अप्रैल तक व 15 रुपये 31 मई तक किया जाए। पिछले साल जो बोनस देकर मिलर का मान बढ़ाया वह उसी तरह से दिया जाए। फतेहाबाद में ठेकेदार ने मिलरों को उनका पिछला किराया नहीं दिया। राइस मिलर एसो. स्टेट प्रधान अमरजीत छाबड़ा, जिलाध्यक्ष मोन्टु अरोड़ा, तरसेम गोयल, अमर जिंदल आदि मौजूद रहे।

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