हरियाणा में अब ऑनलाइन ट्रांसफर:पहली बार शिक्षा विभाग के 3159 क्लर्कों का ऑनलाइन तबादला, विधायकों - अधिकारियों के चक्कर न काटना पड़े इसलिए पॉलिसी लागू

पानीपत/चंडीगढ़एक वर्ष पहले
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फाइल फोटो - Dainik Bhaskar
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  • जिनका ट्रांसफर दूर हुआ वो दोबारा कर सकते हैं अप्लाई, लेकिन पहले करना होगा ज्वाइन
  • हरियाणा सरकार ने ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी से सबसे पहले शिक्षकों के तबादले किए थे

हरियाणा शिक्षा विभाग में पहली बार 3159 क्लर्कों का ऑनलाइन ट्रांसफर ड्राइव चलाकर तबादला किया गया है। शिक्षा विभाग की ऑनलाइन ड्राइव से भारी संख्या में क्लर्कों को राहत पहुंची है, हालांकि कई क्लर्कों को मनपसंद स्टेशन न मिलने के कारण 150 से 200 किलोमीटर दूर स्थानांतरित कर दिया गया है। दूरदराज के स्टेशनों पर ट्रांसफर किए गए क्लर्क सुगम संपर्क पोर्टल पर फरियाद डालकर राहत हासिल कर सकते हैं, लेकिन इससे पहले उन्हें नए स्टेशन पर कामकाज संभालना होगा।

2016 में पहली बार लागू की गई थी ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी

हरियाणा में पहली बार अप्रैल 2016 में ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी लागू की गई थी। सरकार का मकसद पॉलिसी के तहत अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादले में पारदर्शिता लाना था, जिससे कर्मचारियों को विधायकों और अधिकारियों के चक्कर न काटना पड़े।

ये व्यवस्था खासतौर पर महिलाओं और सभी जरूरतमंदों को ध्यान में रखकर लागू की गई थी, ताकि उन्हें अच्छा स्टेशन दिया जा सके। पॉलिसी के तहत सबसे पहले सरकार ने पीजीटी के ऑनलाइन तबादले किए। इसके बाद टीजीटी, जेबीटी के तबादले किए गए। मगर इस पॉलिसी को अभी तक शिक्षा विभाग में गैर शैक्षणिक पदों पर कार्य कर रहे कर्मचारियों पर लागू नहीं किया गया था।

ऐसा पहली बार हुआ है, जब सरकार ने गैर शैक्षणिक कर्मचारियों के ऑनलाइन ट्रांसफर किए हैं। सरकार ने अब इस पॉलिसी को 300 या 300 से अधिक कर्मचारियों की संख्या वाले सभी विभागों में लागू कर दिया है। हरियाणा सरकार की इस पॉलिसी का अन्य राज्य भी अनुसरण करने लगे हैं।