पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • Local
  • Haryana
  • Rewari Destitute Cow Gave Birth To A Calf Late In The Night, A Herd Of Dogs Attacked; DC Immediately Reached The Gaushala As Soon As It Came To Know

रेवाड़ी में गोसंरक्षण का सराहनीय उपाय:बेसहारा गाय और नवजात बछड़े पर कुत्तों के झुंड ने बोला हमला; आधी रात में पता चलते ही DC ने तुरंत पहुंचवाया गोशाला

रेवाड़ी25 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
रेवाड़ी के सेक्टर-3 में खाली प्लॉट में नवजात बछड़े के साथ गाय, जिसकी जानकारी रात 12 बजे के करीब उपायुक्त को मिली थी। - Dainik Bhaskar
रेवाड़ी के सेक्टर-3 में खाली प्लॉट में नवजात बछड़े के साथ गाय, जिसकी जानकारी रात 12 बजे के करीब उपायुक्त को मिली थी।

रेवाड़ी में बेसहारा घूम रही एक गाय ने शनिवार देर रात एक बछड़े को जन्म दिया है। पता चला कि इसके बाद इन दोनों पर आवारा कुत्तों का झुंड टूट पड़ा। स्थानीय लोगों ने गोवंश को कुत्तों से बचाया, लेकिन ज्यादा देर तक रखवाली कर पाना मुमकिन नहीं था। ऐसे में किसी ने सोशल मीडिया के जरिये डिप्टी कमिश्नर को मैसेज भेज दिया। इसके बाद DC ने तुरंत नगर परिषद और पुलिस प्रशासन की ड्यूटी लगाकर गोवंश को गोशाला में भिजवाया। अब हर तरफ प्रशासनिक अधिकारी के इस कदम की सराहना हो रही है।

घटना शहर के सेक्टर-3 की है। यहां एक खाली प्लॉट में बेसहारा गाय ने बछड़े को जन्म दिया। तभी नवजात बछड़े पर कुत्तों के झुंड ने हमला बोल दिया। किसी तरह से आसपास के लोगों ने बछड़े को बचाया, लेकिन अधिक समय तक रखवाली करना संभव नहीं था। रात के करीब 12 बजे उपायुक्त यशेंद्र सिंह के वाट्सऐप्प पर किसी ने सूचना डाल दी। उसने अपील की कि अधिक समय तक यूं रखवाली करना संभव नहीं, इसलिए अगर शीघ्र ही बछड़े को सुरक्षित स्थान पर नहीं पहुंचाया गया तो उसकी जान जानी तय है।

उपायुक्त के आदेश पर गाय और बछड़े को गाड़ी में चढ़ाकर गोशाला ले जाते नगर परिषद और पुलिस प्रशासन की टीम।
उपायुक्त के आदेश पर गाय और बछड़े को गाड़ी में चढ़ाकर गोशाला ले जाते नगर परिषद और पुलिस प्रशासन की टीम।

उपायुक्त ने इस मैसेज को देखते ही नगर परिषद के अफसरों को गाय-बछड़े को तुरंत गोशाला में पहुंचवाने को कहा। साढ़े 12 बजे नगर परिषद की टीम कुछ पुलिस कर्मियों के साथ मौके पर पहुंची। तुरंत गाय-उसके बछड़े को वाहन में चढ़ाकर धारूहेड़ा गोशाला में पहुंचाया गया। जब तक यह अभियान चला, उपायुक्त लगातार अधिकारियों के संपर्क में रहे। सुबह जिस किसी भी व्यक्ति को इस बात की जानकारी मिली वह उपायुक्त के प्रयास की सराहना किए बगैर रह न सका।

खबरें और भी हैं...