• Hindi News
  • Local
  • Haryana
  • Sisters Said Brother Has Given The World's Most Precious Gift For Rakshabandhan By Winning Gold

नीरज की बहनें बोलीं-भाई ने रक्षाबंधन का अनमोल गिफ्ट दिया:खांडरा गांव में देर शाम तक चला जश्न, खुशी में एथलीट के पिता और चाचा के साथ सोफे पर चढ़कर नाचने लगे DC

पानीपत2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
नीरज चोपड़ा की बहनें। - Dainik Bhaskar
नीरज चोपड़ा की बहनें।

टोक्यो ओलिंपिक में भारत को पहला गोल्ड मेडल दिलाने वाले नीरज चोपड़ा के परिजनों के खुशी के आंसू नहीं रुके। बहन संगीता और सरिता ने कहा कि रक्षाबंधन आने वाला है। भाई इस पवित्र त्योहार से पहले ओलिंपिक में गोल्ड मेडल जीता गया। किसी भी बहन के लिए दुनिया का सबसे बड़ा उपहार है। मां बोलीं कि नीरज ने 11 साल की मेहनत को सोने में बदल दिया। नीरज की जीत के बाद गांव में जश्न का माहौल देखने को मिला। मैच के दौरान नीरज के थ्रो करने पर पिता सतीश चोपड़ा, चाचा भीम सिंह और DC सुशील कुमार ससारवान सोफे से खड़े होकर नाच उठते थे।

भारत को ओलिंपिक में पहला गोल्ड मेडल दिलाने वाले पानीपत के गांव खांडरा निवासी नीरज चोपड़ा के परिजन खुशी के आसुओं में डूबे दिखाई दिए। थ्रो करने पर पूरा पंडाल नीरज-नीरत के जयकारों से गूंजता रहा।

बहनें बोलीं- रक्षा बंधन के लिए इससे अनमोल कोई गिफ्ट नहीं
घर के पुरुष और गांव के लोग घेर के बाद बड़ी LED पर मैच देखते रहे। जबकि मां, बहनें और पड़ोस की महिलाओं ने घर पर मैच देखा। मैच के दौरान और बाद में नीरज की बहनों की आंखों में खुशी के आंसू देखने को मिले।

गोल्ड मेडल जीतने के बाद नीरज की मां सरोज को मिठाई खिलाड़ी महिला।
गोल्ड मेडल जीतने के बाद नीरज की मां सरोज को मिठाई खिलाड़ी महिला।

मां बोलीं- 11 साल की मेहनत को सोने में बदला
नीरज के गोल्ड जीतने के बाद मां सरोज देवी ने बताया कि नीरज ने देश के लिए गोल्ड जीतने को 11 साल से कड़ी मेहनत की है। परिवार भी पूरी तरह नीरज के साथ रहा। इसी का परिणाम है कि नीरज ने 11 साल की मेहनत को सोने में बदला है।

आलिंपिक में गोल्ड जीतने के बाद नीरज के गांव में जश्न मनाते लोग।
आलिंपिक में गोल्ड जीतने के बाद नीरज के गांव में जश्न मनाते लोग।

जीत के साथ ही गांव में शुरू हुआ जश्न
खांडरा गांव में शनिवार दोपहर 1 बजे से ही नीरज का मैच देखने की तैयार शुरू हो चुकी थी। गांव की मुख्य सड़कों पर स्वागत और मैच देखने के लिए उनके घर के बाहर LED स्क्रीन लगाई गई। पूरा गांव पंडाल जुटा। नीरज के स्क्रीन पर आते ही पूरा पंडाल नीरज-नीरज के नाम से गूंज उठा। गोल्ड जीतते ही पूरा गांव में जश्न डूब गया।

खबरें और भी हैं...