उच्च स्तर पर पहुंचा प्रदूषण:1 नवंबर को एक्यूआई 277 था, तीन और चार को 477 पर पहुंचा हवा में प्रदूषण का स्तर, आसमान मेंं छाई स्मॉग की चादर

जींद23 दिन पहले
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  • आबोहवा हुई जहरीली : 477 पर पहुंचा पीएम 2.5 का स्तर, आंखों में महसूस हो रही जलन, दमा व खांसी के मरीजों की बढ़ी दिक्कतें

जिले की आबोहवा अब जहरीली हो गई है। हवा में पीएम 2.5 का स्तर 477 पर पहुंच गया है, जो इस साल का सर्वाधिक है और स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक है। आंखों में जलन महसूस होने लगी है तो आसमान में स्मॉग की चादर छाने लगी है। पटाखों की बिक्री पर रोक के बावजूद दिवाली की रात को जिले में जमकर आतिशबाजी हुई, जिससे पटाखों के जहरीले धुएं ने हवा को प्रदूषित कर दिया।

इस दौरान जिले में करीब 20 से अधिक लोग पटाखे जलाने से निकली चिंगारियों से जख्मी हो गए। जिले का 1 और 2 नवंबर को हवा में प्रदूषण का स्तर 250 के पास था लेकिन तीन और चार नवंबर की रात आतिशबाजी के बाद एक्यूआई (एयर क्वालिटी इंडेक्स) 400 के पार चला गया। प्रशासन ने अर्बन एस्टेट में जाट धर्मशाला के सामने की एक दुकान पर छापेमारी कर पटाखे पकड़े। दुकानदार के खिलाफ एक्सप्लोसिव एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है।

जाट धर्मशाला के सामने दुकान में पकड़े पटाखे जिले के एनसीआर में होने के चलते प्रशासन द्वारा पटाखों की बिक्री पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगाया हुआ था लेकिन दुकानदारों ने प्रशासन की नजरों से बचाकर पटाखों का स्टॉक जमा कर रखा था। रोहतक से जींद जिले में करीब एक करोड़ रुपए के पटाखों की खेप पहुंची थी।

दिवाली की रात को प्रशासन के आदेश भी पटाखों के धुएं में उड़ गए और जमकर आतिशबाजी हुई। रात 12 बजे तक पटाखों की गूंज शहर में सुनाई दी। पटाखों के प्रदूषण का असर शुक्रवार सुबह दिखाई दिया। आसमान में स्मॉग की चादर छा गई तो आंखों में जलन महसूस हुई। बुजुर्गों और सांस के मरीजों को सांस लेने में परेशानी हुई।

सिविल लाइन थाना पुलिस ने जाट धर्मशाला के सामने एक दुकान पर छापेमारी कर भारी मात्रा में बम-पटाखे पकड़े। पुलिस ने मौके से दुकानदार को भी गिरफ्तार कर उसके खिलाफ एक्सप्लोसिव एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया।

सिविल लाइन थाना पुलिस के एसआई महेंद्र सिंह ने बताया कि 3 नवंबर की रात को 11 बजे उन्हें सूचना मिली थी कि जाट धर्मशाला के सामने एक दुकान पर भारी मात्रा में पटाखे रखे हुए हैं। पुलिस ने तुरंत दुकान पर छापा मारा तो दुकान पर एक युवक मिला। पुलिस ने मौके पर देखा कि बम-पटाखे एक प्लास्टिक के बैग में रखे हुए थे।

जब उसे खोलकर देखा तो 24 डिब्बी तीली बम, 7 डिब्बी फूलझड़ी, 4 डिब्बे अनार, 600 बम, रोबोट शॉट 15 बम, 300 छोटे बम सहित अलग-अलग प्रकार के बम पटाखे मिले। पुलिस पूछताछ में युवक ने अपनी पहचान हनुमान नगर निवासी संदीप के तौर पर बताई।

यह है पिछले 10 दिनों का एक्यूआई

तीन से चार दिन में प्रदूषण होगा कम : राजेंद्र
्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के रीजनल ऑफिसर राजेंद्र ने बताया कि दिवाली पर आतिशबाजी के चलते प्रदूषण का स्तर बढ़ा है। आगामी तीन से चार दिनों में प्रदूषण का स्तर कम हो जाएगा। 300 से ज्यादा प्रदूषण का स्तर स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होता है।

जिले में पराली जलाने की अब तक 218 लोकेशन मिल चुकी है

5 नवंबर को 18 जगहों पर मिली पराली जलाने की लोकेशन
इधर पटाखों के प्रदूषण के अलावा धान की पराली जलाने की वजह से भी एक्यूआई ऊपर चला गया है। अब तक धान की पराली जलाने की 218 लोकेशन कृषि विभाग को मिल चुकी है। 5 नवंबर को 18 जगहों पर पराली जलाने की लोकेशन विभाग को मिली। कृषि विभाग के क्वालिटी कंट्रोलर डॉ. नरेंद्रपाल ने बताया कि धान की पराली जलाने से रोकने की खातिर किसानों को जागरूक किया जा रहा है। धान जलाने वाले किसानों को नोटिस भेजे जा रहे हैं।
दमा अाैर श्वास रोगी बरतें एहतियात : डॉ. नरेश वर्मा

सिविल अस्पताल के फिजिशियन डाॅ. नरेश वर्मा ने कहा कि प्रदूषित वातावरण में सबसे ज्यादा दिक्कत दमा व श्वास रोगियों को हो रही है। ऐसे में उन्हें ऐहतियात बरतने की जरूरत है। ऐसे लोगों को चाहिए कि वे सुबह-शाम घर से बाहर न निकलें। बाहर जाते समय मुंह व नाक पर कपड़ा बांधें। ठंडी व तली हुई चीजों से परहेज करें। सांस लेने में कोई दिक्कत हो तो तुरंत ही विशेषज्ञ से संपर्क करें।स्वास्थ्य के लिए एयर क्वालिटी इंडेक्स के मानक

0 0 से 50 तक बेहतर
51 से 100 तक संतोषजनक
101 से 200 तक सामान्य (ज्यादा हानिकारक नहीं)
201 से 300 तक खराब (हानिकारक)
301 से 400 तक बहुत ज्यादा हानिकारक
400 से ऊपर गंभीर

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