स्वास्थ्य मंत्री के आदेश की अवहेलना:सिविल अस्पताल के आउटसोर्सिंग कर्मी को नहीं मिला वेतन, हड़ताल पर बैठे

पानीपत24 दिन पहले
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हड़ताल पर बैठे कर्मचारियाें से बात करते एसएमओ व डिप्टी एमएस। - Dainik Bhaskar
हड़ताल पर बैठे कर्मचारियाें से बात करते एसएमओ व डिप्टी एमएस।
  • स्वास्थ्य मंत्री के आदेश के बावजूद दिवाली तक कर्मियों को वेतन नहीं दिया गया

सिविल अस्पताल के आउटसोर्सिंग के कर्मचारियों को दिवाली तक मानदेय नहीं मिल पाया है। इस कारण सिविल अस्पताल के आउटसोर्सिंग कर्मचारियों ने शुक्रवार काे हड़ताल कर अधिकारियाें के खिलाफ नारेबाजी की। कर्मचारियाें ने बताया कि ज्यादातर कर्मचारियाें की पिछले माह का मानदेय रुका हुआ है ताे वहीं, सिक्याेरिटी गार्ड का 3 महीने का वेतन रुका हुआ है।

कर्मचारियों का आराेप है कि स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज के आदेश थे कि 2 नवंबर तक सभी कर्मचारियों काे वेतन दिया जाए, लेकिन दीपावली का दिन भी बीत गया और उनकाे वेतन नहीं मिला। हड़ताल की सूचना मिलने पर सीनियर मेडिकल ऑफिसर डाॅ. श्यामलाल महाजन, डिप्टी एमएस डाॅ. अमित पोरिया के साथ पहुंचे। कहा कि आप काम पर लौटें, अगले वर्किंग-डे में आपके खाते में मानदेय पहुंच जाएगा। वर्कर्स ने मौखिक आश्वासन को मानने से इंकार कर दिया। डिप्टी एमएस ने आउटसोर्सिंग कंपनी के सुपरवाइजर को निर्देश दिए कि लिखित आश्वासन दें। शाम तक कर्मियों की हड़ताल जारी रही।

डाॅ. पोरिया ने बताया कि इस मामले की जानकारी सिविल सर्जन डाॅ. जितेंद्र कादियान को दे दी है। सिविल अस्पताल में 150 से अधिक आउटसोर्सिंग वर्कर्स हैं। वहीं, जिले की सीएचसी-पीएचसी में करीब 585 कर्मचारी है।

ये काम बंद रहा : हड़ताल के कारण इमरजेंसी वार्ड, डेंगू वार्ड, बर्न वार्ड, मेल-फीमेल वार्ड, प्रसूति वार्ड की साफ-सफाई कार्य बंद रहा है, ताे वहीं, सिक्याेरिटी गार्ड ने भी ड्यूटी नहीं की। गनीमत ये रही कि शुक्रवार काे भगवान विश्वकर्मा की छुट्टी हाेने के कारण ओपीडी ब्लाॅक बंद रहा।

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