पानीपत में 1059 एक्टिव कोरोना केस:ओमिक्रॉन के 5 मामले; 22 डॉक्टर भी संक्रमित, ट्रेनियों को सौंपा गया मरीजों के इलाज का जिम्मा

पानीपत4 दिन पहले
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हरियाणा के पानीपत जिले के सिविल अस्पातल के डॉक्टरों पर कोरोना लगातार कहर बरपा रहा है। कोरोना की तीसरी लहर की रफ्तार पहले से 5 गुना तेजी से फैल रही है। इस समय जिले में 1059 एक्टिव केस हैं। इनमें ओमिक्रॉन के 5 मामले हैं। वहीं 22 डॉक्टर भी संक्रमित हैं, जिनमें 17 सरकारी डॉक्टर हैं। पिछले 5 दिनों में 15 सरकारी व 2 निजी डॉक्टर कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। सिविल अस्पताल के पीएमओ, डिप्टी एमएस, कोरोना टीकाकरण के नोडल अधिकारी, दो नेत्र रोग विशेषज्ञ, हड्डी रोग विशेषज्ञ व डेंटल सर्जन समेत 8 डॉक्टर कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। अब मरीजों का इलाज करने के लिए सामुदायिक केंद्रों व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों से सिविल अस्पताल में 8 डॉक्टर बुलाए गए हैं। अस्पताल में ट्रेनिंग कर रहे 11 ट्रेनी डॉक्टरों को भी मरीजों के इलाज का जिम्मा सौंपा गया है, ताकि मरीजों को बिना इलाज घर न लौटना पड़े।

अस्पताल में 25 डॉक्टर, उनमें से 8 संक्रमित

सिविल अस्पताल में रूटीन में मरीजों का इलाज करने वाले महज 25 डॉक्टर ही हैं। इनके अलावा सि‌विल सर्जन, पीएमओ, ‌दो डिप्टी एमएस व 6 डिप्टी सिविल सर्जन हैं। 25 में से 8 डॉक्टर कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। सिविल अस्पताल व अन्य सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों के 17 सरकारी डॉक्टर संक्रमित हो चुके हैं। सरकार के अगले निर्देशों तक स‌िविल अस्पताल में मो‌तियाबिंद, हड्डियों और दांतों की सर्जरी बंद रहेगी, क्योंकि सर्जरी करने से डॉक्टर सीधे मरीजों के संपर्क में आते हैं और उनका संक्रमित होने का भय अधिक रहता है। कोरोना के कारण पिछले दो सालों में सिविल अस्पताल में ‌मोतिया‌बिंद की महज 150 सर्जरी हुई हैं। मरीजों को सर्जरी के लिए निजी अस्पतालों पर ही निर्भर रहना पड़ रहा है।

4 स्वास्थ्य केंद्रों के इंचार्ज संक्रमित

सिविल अस्पताल के अलावा शहर के विभिन्न क्षेत्रों में स्थित स्वास्थ्य केंद्रों के डॉक्टर भी कोरोना संक्रमित हो रहे हैं। समालखा अस्पताल, नौल्था सामुदायिक केंद्र, रेरकलां पीएचसी व काबड़ी पीएचसी इंचार्ज की रिपोर्ट भी कोरोना पॉजिटिव आई है। बुधवार को ईएनटी स्पेशलिस्ट ने अपनी कोविड जांच कराई। गुरुवार को वह छुट्टी पर रहीं। दोनों नेत्र रोग विशेषज्ञ कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। एक हड्डी रोग विशेषज्ञ भी संक्रमित हैं। दूसरे हड्डी रोग विशेषज्ञ की ऑपरेशन थियेटर में ड्यूटी थी, इसलिए इन तीनों विभागों के मरीजों को गुरुवार को इलाज नहीं मिला।