यहां भी वीआईपी कल्चर शुरू:लाेगाें की रिपाेर्ट 8-8 दिन में मिल रही, वीआईपी के चहेताें काे दे रहे सिर्फ छह घंटे में

पानीपत6 महीने पहले
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  • नई परेशानी - नए स्ट्रेन जानने के लिए अब राेहतक जाएंगे सैंपल, प्राइवेट लैब वाले नहीं ले रहे सरकारी सैंपल

पानीपत में केस बढ़ने लगे है ताे काेराेना संदिग्ध के सैंपलाें की रफ्तार भी बढ़ने लगी है। वहीं इसमें भी वीआईपी कल्चर शुरू हाे गया है। पानीपत में 6 हजार के करीब सैंपल की रिपाेर्ट पेंडिंग हैं। मरीजाें काे सैंपल कराने के 8-8 दिन बाद रिपाेर्ट मिल रही है। वहीं वीआईपी व खास लाेगाें के अपने चहेताें के सैंपलाें की रिपाेर्ट 5 से 6 घंटे में ही मिल रही है। जिसके कारण आम लाेगाें काे परेशानी हाे रही है।

दरअसल सिविल अस्पताल की काेराेना जांच लैब में दाे डाॅक्टराें और एक अन्य स्टाफ की ड्यूटी सिर्फ वीअाईपी लाेगाें के लिए लगाई है। जिनका काम सिर्फ इतना है किसी विधायक, सांसद या बड़े आदमी के चहेताें के सैंपल आएंगे ताे वाे उनकाे तुरंत लैब में लगवाएंगे और उसी दिन यानी 5 से 6 घंटे में रिपाेर्ट भी उपलब्ध कराएंगे।

बुधवार काे भी सिविल अस्पताल की लैब में यहीं नजारा देखने काे मिला। सिविल सर्जन डाॅ. संजीव ग्राेवर का कहना है कि वाे आम लाेगाें के लिए भी लगाए गए हैं।

सप्ताह में दाे दिन नाइट शिफ्ट में सैंपलाें की टेस्टिंग हाेगी : डॉ. श्याम लाल

नए स्ट्रेन जानने के लिए अब राेहतक जाएंगे सैंपल

सीनियर मेडिकल ऑफिसर एवं लैब इंचार्ज डाॅ. श्याम लाल ने बताया कि काेराेना का नया स्ट्रेन जानने के लिए पहले हर 100 पाॅजिटिव केसाें में 5 लाेगाें के सैंपल दिल्ली लैब में भेजे जाते थे। अब यह सैंपल दिल्ली जाने के बजाए राेहतक पीजीआई जाएंगे। डाॅ. श्यामलाल ने बताया कि फिर उन सैंपलाें की रिपाेर्ट सरकार के पास जाती और उसके बाद सिविल सर्जन कार्यालय में आती है।

सरकारी लैब में अब 6 हजार 416 पाॅजिटिव मिले

डाॅ. श्यामलाल ने बताया कि पानीपत की सरकारी लैब में 1 लाख 35 हजार 518 सैंपल लगे हैं। इनमें 6 हजार 416 पाॅजिटिव आए हैं। उनके पास 6 हजार के करीब सैंपल पेंडिंग है। वर्क लाेड के कारण ही बुधवार की रात नाइट शिफ्ट में भी सैंपल लगाएं जाएंगे। हर सप्ताह में दाे दिन नाइट की शिफ्ट लगाने पर विचार किया जा रहा है। एनसी काॅलेज की लैब में भी राेजाना 188 सैंपल टेस्टिंग के लिए भेजे जाते हैं।

प्राइवेट लैब वाले नहीं ले रहे सरकारी सैंपल

डाॅ. श्यामलाल ने बताया कि सरकार के साथ 21 प्राइवेट लैब का टाइअप है। पानीपत में पेंडिंग रिपाेर्ट काे जल्द निकालने के लिए इन लैबाें से सैंपलाें की टेस्टिंग के बारे पत्र भेजा गया था। सब लैब संचालकाें ने ये कहकर मना कर दिया उनके पास पहले से ही बहुत से लाेगाें के सैंपल पेंडिंग है। अगर काेई प्राइवेट लैब सरकारी सैंपलाें की टेस्टिंग करती है ताे उसे प्रति सैंपल 450 रुपए मिलेंगे।

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