बहादुरगढ़ में GST चोरी का खुलासा:फर्जी फर्म बनाकर बिल तैयार करने वाले 2 अरेस्ट; 9 लाख कैश बरामद

बहादुरगढ़4 महीने पहले
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हरियाणा के बहादुरगढ़ में पुलिस ने GST चोरी करने के लिए फर्जी फर्म और बिल बनाने वाले दो शातिर पकड़े गए हैं। दोनों के कब्जे से 9 लाख कैश और कई ‌फर्जी वोटर कार्ड, पैन कार्ड व अन्य दस्तावेज बरामद किए गए हैं। दोनों के पास से 35 से ज्यादा फर्म का डाटा भी मिला है, जो पूरी तरह फर्जी है।

दोनों ने मिलकर ओमेक्स सिटी के पास एक फर्म खोल रखी थी, जिसे फर्जी पाए जाने पर जीएसटी विभाग उसका जीएसटी नंबर रद्द कर चुका है। बावजूद इसके दोनों ने इसी फर्म में खरीददारी दिखाकर करोड़ों रुपए की जीएसटी चोरी की।

बता दें कि सीआईए को सूचना तो 6 फर्म में फर्जी खरीददारी दिखाकर जीएसटी चोरी करने की मिली थी, लेकिन पुलिस ने जब दोनों को पकड़ा तो उनके कब्जे से 35 फर्जी फर्म का डाटा मिला है। बुधवार को दोनों आरोपियों को पुलिस कोर्ट में पेश कर पुलिस रिमांड पर लेगी। जिससे आरोपियों से जीएसटी चोरी का पूरी तरह खुलासा हो सके।

चौधरी मेटल के नाम से बना रखी थी फर्म

सीआईए में तैनात एएसआई तेन सिंह की टीम मंगलवार रात को शहर में जांच कर रही थी। इसी दौरान टीम को सूचना मिली कि ओमेक्स सिटी निवासी आशीष गुप्ता व अनिल ने चौधरी मेटल के नाम से फर्जी फर्म बना रखी है और उसका पता ओमेक्स सिटी की दुकान नंबर 5 का है। इस फर्म के जीएसटी नंबर से 6 अन्य फर्जी फर्मो से खरीददारी दिखाकर जीएसटी की चोरी की जाती है। जीएसटी विभाग ने इन फर्मो को फर्जी दिखाकर पोर्टल पर इनका रजिस्ट्रेशन भी रद कर रखा है।

फर्जी फर्म बनाने के लिए दोनों आरोपी नकली वोट कार्ड, पैन कार्ड व आधार कार्ड भी साथ रखते हैं। चौधरी फर्म में छारा निवासी हितेंद्र के नाम से यस बैंक में खाता खोल रखा है, जिससे फर्जी बिल आगे बेचकर झूठी एंट्री घूमाते हैं। फर्म खोलते समय जीएसटी विभाग में मोबाइल नंबर देना पड़ता है, जो इन्होंने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर ले रखा है।

कार में बैठे थे दोनों, वहीं दबोचा

सूचना पर पुलिस की टीम ने ओमेक्स सिटी में खड़ी एक कार से दोनों आरोपियों को पकड़ लिया। आशीष गुप्ता की तलाशी करने पर उसके पास से 6 अलग-अलग वोटर कार्ड, एक ब्लैंक कार्ड, दो पैन कार्ड, एक मोबाइल मिला।

वोटर कार्ड अलग-अलग पते के थे। अनिल कुमार के पास से 4 वोटर कार्ड, दो ब्लैंक कार्ड, एक पैन कार्ड व मोबाइल मिला। दोनों के कब्जे से मिले मोबाइल फोन चेक किए तो उसमें 39 फर्जी फर्मो का डाटा पाया गया। दोनों के कब्जे से 9.13 लाख रुपए की नकदी भी बरामद की गई है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।