फरीदाबाद में वर्कशॉप में लगी आग:बचने के लिए टॉयलेट में छिपे 3 श्रमिकों की दम घुटने से मौत; बैटरी चार्जिंग के वक्त ब्लास्ट से हादसा

फरीदाबाद3 महीने पहले
फरीदाबाद के सेक्टर-37 स्थित वर्कशॉप में लगी आग।

हरियाणा के फरीदाबाद जिले में शनिवार को बैटरी बनाने वाली एक फैक्ट्री की वर्कशॉप में भीषण आग लग गई, लेकिन आग से बचने के लिए टॉयलेट में छिपे 3 श्रमिकों की भी दम घुटने से मौत हो गई है, जबकि एक श्रमिक की जान बच गई। सराय थाना पुलिस ने फैक्ट्री मालिक के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज कर लिया है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल में भिजवाया गया है।

फरीदाबाद शहर में सेक्टर-37 स्थित अनंगपुर डेयरी के पास चार्जिंग बैटरी बनाने वाली एक फैक्ट्री और वर्कशॉप दोनों साथ-साथ बनी हुई हैं। फैक्ट्री में लैपटॉप, पावर बैंक, कैमरा आदि की बैटरी बनाई जाती है। शनिवार को करीब 11 बजे फैक्ट्री के साथ ही बनी वर्कशॉप में एक बैटरी में चार्जिंग के वक्त ब्लास्ट हो गया, जिसके बाद वर्कशॉप में भीषण आग लग गई। उस वक्त कंपनी में 4 श्रमिक कार्यरत थे।

दिल्ली के लालकुंआ निवासी अंकित (23), सुनील (23) व सतबीर (26) आग से बचने के लिए वर्कशॉप में ही बने टॉयलेट में छिप गए तथा चौथा श्रमिक पिंटू बाहर भाग गया। देखते ही देखते आग इतनी भड़की कि उसने पूरी वर्कशॉप को चपेट में ले लिया। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची दमकल की गाड़ियों से करीब 4 घंटे बाद जब आग पर काबू पाया तो टॉयलेट में बंद तीनों श्रमिकों की मौत हो चुकी थी। पुलिस के मुताबिक, तीनों की मौत दम घुटने से हुई है। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है।

45 मिनट देरी से पहुंची दमकल की गाड़ी

मौके पर मौजूद लोगों ने आरोप लगाया कि आग की सूचना तुरंत दमकल और पुलिस को दी गई थी। पुलिस तो मौके पर पहुंच गई, लेकिन दमकल की गाड़ी 45 मिनट देरी से पहुंची, जिस वजह से आग काफी भड़की और फिर आग पर काबू पाने में काफी समय लगा। अगर समय पर दमकल की गाड़ी पहुंच जाती तो आग पर काबू पाया जा सकता था।

आग बुझाने के लिए मौके पर खड़ी दमकल की गाड़ी।
आग बुझाने के लिए मौके पर खड़ी दमकल की गाड़ी।

फैक्ट्री मालिक पर केस दर्ज

फरीदाबाद के सराय थाना पुलिस ने इस मामले में जिंदा बचे चौथे श्रमिक पिंटू की शिकायत पर फैक्ट्री मालिक अजय गुप्ता के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज कर लिया है। अजय गुप्ता ने वर्कशॉप के साथ ही फैक्ट्री बनाई हुई है, जिसमें हादसे के बाद 23 श्रमिक कार्यरत थे। अगर आग साथ वाली फैक्ट्री तक पहुंचती तो और भी बड़ा हादसा हो सकता था। बताया जा रहा है कि फैक्ट्री और वर्कशॉप दोनों ही अवैध रूप से चलाई जा रही थी।

तीन दिन पहले मनाई थी शादी की सालगिरह

परिजनों ने बताया कि मृतक सतबीर की एक साल पहले खैर अलीगढ़ में दुर्गेश के साथ शादी हुई थी। तीन दिन पहले शादी की सालगिरह मनाई थी। वहीं 15 दिन पहले ही उनको बेटी हुई है। तीनों मृतक अपने परिवार में कमाने वाले अकेले थे। दो अन्य अंकित और सुनील अभी अविवाहित थे। तीनों वर्ष 2020 में ग्रेजुएशन करने के बाद एक साल से यहां नौकरी कर रहे थे। उधर, सराय ख्वाजा थाना प्रभारी रामपाल सिंह का कहना है कि श्रमिक अमृत उर्फ पिंटू की शिकायत पर कंपनी मालिक के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज कर लिया है।

मौके पर मौजूद लोगों की भीड़।
मौके पर मौजूद लोगों की भीड़।

एक दिन पहले भी हुआ था विस्फोट

बताया जाता है कि शुक्रवार को भी श्रमिक अंकित बैटरी चार्ज कर रहा था। उस वक्त भी धमाका हुआ था, लेकिन आग नहीं लगी थी। शनिवार को भी बैटरी चार्ज करने वाले पॉइंट पर ही धमाका हुआ। श्रमिकों से उसे सामान्य प्रक्रिया समझकर अनदेखा कर दिया। यही उनके जीवन पर भारी पड़ गया।