पुलिस पर बदसलूकी का आरोप:पुलिस की बदसलूकी पर डीसी कैंप ऑफिस के बाहर धरने पर बैठा अनुसूचित जाति परिवार

रेवाड़ी2 महीने पहले
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डीसी को शिकायत देता रोहड़ाई गांव का परिवार। - Dainik Bhaskar
डीसी को शिकायत देता रोहड़ाई गांव का परिवार।

रोहड़ाई थाना पुलिस द्वारा मारपीट मामले में उचित कार्रवाई नहीं करने और पुलिस की तरफ से पाबंद किए जाने के मामले में एसपी कार्यालय में शिकायत लेकर पहुंचे परिवार ने पुलिस पर बदसलूकी का आरोप लगाया है। इसके बाद परिवार की महिलाएं इसके विरोध में डीसी कैंप ऑफिस के बाहर धरना पर बैठ गई जिसके बाद मामला उपायुक्त अशोक गर्ग के पास पहुंचा। उपायुक्त ने परिवार की पीड़ा सुनी और मामले में उचित कार्रवाई का भरोसा दिया। साथ ही परिवार पर दर्ज किए मामले में पाबंद किए जाने की कार्रवाई में भी बगैर जमानती जमानत लेने के निर्देश तहसीलदार को दिए।

उपायुक्त को दी शिकायत में गांव रोहड़ाई निवासी पूनम पत्नी संदीप कुमार सहित परिवार के अन्य सदस्यों ने बताया कि इसी साल फरवरी माह में गांव के ही एक परिवार के सदस्यों ने उनके साथ घर में घुसकर मारपीट की और जातिसूचक शब्द कहे।

परिवार का आरोप है कि इस मामले को लेकर उन्होंने रोहड़ाई थाना के अलावा एसपी कार्यालय में भी कई बार शिकायत दी। इसके बाद भी कोई भी कार्रवाई नहीं की गई। इस बाबत उन्होंने गृहमंत्री अनिल विज को इसकी शिकायत कर दी जिसकी वजह से रोहड़ाई थाना का एक पुलिसकर्मी उनसे इस बात के चलते रंजिश पाले हुए हैं।

परिवार का आरोप है कि इस मामले की जांच के नाम पुलिस कर्मचारी की तरफ से उनको कई घंटों तक रोहड़ाई थाना में बिठाए हुए रखा गया। परिवार का यह भी आरोप है कि पुलिस कर्मचारियों इस बात को लेकर उनको फोन करके भी परेशान किया जा रहा है।

कई बार तो रात के समय फोन किया जाता है और उनके घर के बाहर जिप्सी तक खड़ी कर दी गई थी। पीड़िता का आरोप है कि पुलिस कर्मचारियों द्वारा दूसरे पक्ष से मिलकर यह सब किया जा रहा है। जब इस बात की शिकायत वह पुलिस अधीक्षक कार्यालय में करने पहुंचे तो उनके साथ बदसलूकी की गई।

केस दर्ज किया, गांव के लोग जमानत तक नहीं दे रहे
परिवार ने आरोप लगाया कि पुलिस की तरफ उनके खिलाफ केस दर्ज किया जा चुका है और उनको पाबंद करने की यह तीसरी बार कार्रवाई है। गांव के लोगों की तरफ से इसके चलते उनकी जमानत भी नहीं दी जा रही है। ऐसे में उनका परिवार पूरे भय के माहौल में जीने को मजबूर है।

वहीं उपायुक्त की जमानती नहीं मिलने के मामले में तहसीलदार को बगैर जमानती के परिवार क सदस्‍यों की जमानत लिए जाने के भी निर्देश दिए। वहीं उन्होंने इस मामले को लेकर एसपी से भी बातचीत करने के साथ परिवार को आश्वस्त किया।

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