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एडमिशन:बिना परीक्षा 12वीं कक्षा के सभी विद्यार्थी होंगे उत्तीर्ण, काॅलेजों में दाखिले के लिए रहेगी मारामारी

नारनौलएक महीने पहले
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  • 13 काॅलेजों में यूजी की 9800 सीटें निर्धारित, दाखिला लेने की दौड़ में 21800 विद्यार्थी

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) तथा हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड ने कोरोना के बढ़ते संक्रमण के कारण शिक्षा सत्र 2020-21 में कक्षा 12वीं के सभी विद्यार्थियों को बिना परीक्षा पास करने का निर्णय लिया है। ऐसे में इस बार काॅलेजों में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों की संख्या में 15 से 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी होना स्वाभाविक है। अभी गाइडलाइन स्पष्ट नहीं है कि काॅलेजाें में किस अाधार पर हाेंगे। इंट्रेंस टेस्ट लिए जाएंगे या परसेंटेज बेस पर होंगे। हालांकि ये तय है कि इस बार काॅलेजों में दाखिले के लिए पिछले साल से ज्यादा मारामारी रहने की उम्मीद है।

शिक्षा विभाग के आंकड़ों के अनुसार शिक्षा सत्र 2020-21 में सीबीएसई व भिवानी बोर्ड में कक्षा 10+2 में करीब 21800 विद्यार्थी अपीयर हुए थे। कोरोना काल में अपीयर होने वाले सभी छात्र-छात्राओं को पास करने की घोषणा की है। ऐसे में इस बार जिले में 21800 विद्यार्थी काॅलेजों में दाखिला लेने की दौड़ में हैं। इनमें से कुछ विद्यार्थी आईआईटी, एनआईटी, नीट व दूसरे कोर्सों में दाखिला लेने के लिए जिले से बाहर चले जाएंगे।

इसके बाद भी जिले की काॅलेजों में दाखिला लेने की दौड़ में करीब 15 हजार विद्यार्थी रह जाएंगे। जबकि जिले के 13 काॅलेजों में यूजी कक्षाओं व दूसरे समकक्ष कोर्सों के लिए करीब 9800 सीटें निर्धारित की गई हैं। राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, नारनौल जिले का सबसे बड़ा व पुराना काॅलेज है। इस कॉलेज में यूजी में विभिन्न संकायों व कोर्सों में दाखिले के लिए कुल 1540 सीटें निर्धारित की गई हैं। इनमें 660 सीटें कला संकाय के विद्यार्थियों के लिए निर्धारित की गई हैं।

इसके अलावा बीएसपी नॉन मेडिकल के लिए 360 सीटें, बीएससी मेडिकल के लिए 160 सीटें, बीकॉम के लिए 240 सीटें, बीएससी कंप्यूटर साईंस के लिए 40 सीटें, बीसीए के लिए 40 सीटें, बीबीए के लिए 40 सीटें निर्धारित की गई हैं। इसी प्रकार महिला कालेज नारनौल में यूजी कक्षाओं में दाखिले के लिए 1200 सीटें निर्धारित की गई हैं।

इसके अलावा नांगल चौधरी गर्ल्स काॅलेज में 560 सीटें निर्धारित की गई हँ। इसी प्रकार नांगल चौधरी के दूसरे काॅलेज में भी 560 सीटें ही निर्धारित की गई हैं। अटेली के दोनों कालेजों में 1100 सीटें निर्धारित की गई हैं। जबकि कृष्ण नगर काॅलेज में 380 सीटें निर्धारित की गई हैं। इसके अलावा जिले के ग्रामीण क्षेत्र में नई खोली गई महिला काॅलेजों में केवल 80-80 सीटें निर्धारित की गई हैं।

इन 1540 सीटों पर दाखिले के लिए 2020 में ओवरऑल तीन गुणा अधिक तथा मेडिकल व नॉन मेडिकल के लिए पांच गुणा अधिक आवेदन आए थे। जबकि पिछले साल बोर्ड परीक्षा 12 का परिणाम करीब 68 प्रतिशत रहा था। ऐसे में 68 प्रतिशत परीक्षा परिणाम रहने के दौरान विद्यार्थियों में दाखिले के लिए मारामारी रही थी तो इस बार बिना परीक्षा लिए सभी विद्यार्थियों को उत्तीर्ण करने से परीक्षा परिणाम सर्वोत्तम रहेगा। ऐसे में इस बार दाखिले के लिए विद्यार्थियों को पिछले साल के मुकाबले ज्यादा जद्दोजहद करनी पड़ेगी।

काॅलेज में सीटें बढ़ाने की मांग करेंगे

इस बार कोरोना के संक्रमण के कारण कक्षा कक्षा 10+2 में अपीयर हुए सभी विद्यार्थियों को बिना परीक्षा लिए पास करने की घोषणा की गई है। ऐसे में इस बार काॅलेजों में दाखिले की दौड़ में शामिल होने वाले विद्यार्थियों की संख्या पिछले साल के मुकाबले 15 से 20 प्रतिशत बढ़ जाएगी।

ऐसे में इस बार दाखिले के लिए बच्चों में ज्यादा कंपीटिशन रहेगा। ऐसे में सीटें फुल होने की स्थिति में दाखिले की दौड़ में शामिल बच्चों की डिमांड पर काॅलेज में सीटों की संख्या बढ़ाने के लिए की मांग की जाएगी। -डाॅ. सतीश सैनी, दाखिला नोडल अधिकारी, पीजी काॅलेज, नारनौल।

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