पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

कोरोना की समीक्षा:कोरोना से मृत्यु 21 से 23 पर पहुंची; पिछले माह 49 थी, पॉजिटिविटी दर भी 50% गिरी

राेहतक2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
काेरोना के बढ़ते केसों के बीच व्यवस्था जांचते डीसी व एसपी। - Dainik Bhaskar
काेरोना के बढ़ते केसों के बीच व्यवस्था जांचते डीसी व एसपी।
  • रिकवरी रेट बढ़कर 89%से अधिक हुआ, विभिन्न निगरानी समितियां गठित की गई
  • जिला प्रशासन की ओर से कोविड-19 के प्रबंधों की समीक्षा की

जिले में वर्तमान समय में कोरोना संक्रमण का पॉजिटिविटी रेट लगभग 11 प्रतिशत है, जो अप्रैल माह में 20 से 22 प्रतिशत था। जिले में कोविड-19 से होने वाली मृत्यु की संख्या में भी कमी आई है। अब 21 से 23 मृत्यु दर्ज की जा रही है, जबकि पिछले माह यह आंकड़ा 49 तक पहुंच गया था।

रिकवरी रेट 89 प्रतिशत से ज्यादा हो गया है। यह बात डीसी कैप्टन मनोज कुमार ने कहीं। उन्हाेंने कहा कि जिले में कोविड-19 पॉजिटिविटी दर और कोरोना संक्रमण से होने वाली मृत्यु की दर में 50 प्रतिशत कमी दर्ज की गई है। फिर भी लोगों को चाहिए कि वे कोविड-19 संक्रमण से बचाव के लिए शीघ्र ही संभल जाए। हिदायतों का स्वैच्छा से पालन करें। जिला प्रशासन की ओर से कोविड-19 के प्रबंधों की समीक्षा की जा रही है। पीजीआईएमएस व सिविल अस्पताल सहित 13 कोविड केयर अस्पताल हैं। 6 मई को कोविड से 195 मरीज ठीक हुए।

रेट से ज्यादा वसूलने वालाें पर सख्त कार्रवाई की जाएगी

डीसी ने कहा कि विभिन्न निगरानी समितियों का गठन किया है। कोविड-19 से संबंधित जानकारी उपलब्ध करवाने के लिए नगर निगम के संयुक्त आयुक्त सुरेश कुमार (99962-44566) को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। जिला राजस्व अधिकारी पूनम बब्बर (99106-70867) भी इस कार्य में मदद करेंगी। प्रशासन ने खाद्य पदार्थों, एम्बुलेंस, अस्पतालों आदि की रेट निर्धारित किए हैं। निर्धारित रेट से ज्यादा वसूलने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। दवाइयों, ऑक्सीजन व अन्य वस्तुओं की कालाबाजारी अंकुश लगाया है। निगरानी के लिए समिति गठित की है। ऑक्सीजन व रेमडेसिविर इंजेक्शन की सप्लाई व वितरण की निगरानी के लिए भी समिति गठित की है।

राेज संक्रमण मुक्त होने वालों की संख्या बढ़ रही

डीसी ने कहा कि प्रतिदिन संक्रमण मुक्त होने वालों की संख्या बढ़ रही है। टीकाकरण करवाने वाले व्यक्तियों में गंभीर संक्रमण की रिपोर्ट नहीं है। संक्रमण के तुरंत बाद डॉक्टरों के परामर्श से इलाज शुरू करने वाले व्यक्ति भी शीघ्र स्वस्थ हो रहे हैं। जिला प्रशासन ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर भी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाई है। कम लक्षणों वाले मरीज इन केंद्रों और कोविड डे-केयर सेंटरों पर जाकर इलाज करवा सकते हैं।

जिला प्रशासन ने टेलीमेडिसन परामर्श सेवा भी शुरू की है। शीघ्र ही विशेषज्ञ डॉक्टरों के पैनल तैयार किए जाएंगे, जो रेडियो, टेलीविजन व समाचार पत्रों के कार्यालयों के माध्यम से लोगों के सवालों के जवाब देंगे। नियंत्रण कक्ष बनाया है। ऑक्सीजन की उपलब्धता सुनिश्चित होने पर 200 बेड और बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं। मरीजों के मनोबल को बढ़ाने के लिए टेलीमेडिशन परामर्श सेवा से ही डॉक्टर इलाज के साथ-साथ इनका मनोबल बढ़ाने के लिए भी परामर्श देेंगे।

खबरें और भी हैं...