आंदोलन के साइड इफेक्ट:किसान के कारण दिल्ली दूर बता कैब का किराया दाेगुना, बुकिंग रेट भी बढ़ाए

रोहतक10 महीने पहले
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दिल्ली बाईपास पर पीरागढ़ी तक ले जाने के लिए यात्रियाें से सौदा करता कैब चालक। - Dainik Bhaskar
दिल्ली बाईपास पर पीरागढ़ी तक ले जाने के लिए यात्रियाें से सौदा करता कैब चालक।

किसान आंदोलन की वजह से रोडवेज की बसे दिल्ली नहीं जा रही। यात्रियों को दिल्ली तक पहुंचने में परेशानी हो रही। टैक्सी और कैब चालक इसका फायदा उठा रहे है। दिल्ली तक पहुंचाने के नाम पर यात्रियों से करीबन दो गुना ज्यादा किराया वसूला जा रहा है। हालांकि इससे पहले 85 रुपए में यात्री दिल्ली तक पहुंच जाते है। इस बारे में दैनिक भास्कर की टीम ने टैक्सी और कैब चालकों से बातचीत की। कैब चालक बार्डर बंद होने का हवाला देकर यात्रियों से 200 रुपए वसूल रहे है।

इधर टैक्सी चालकों ने भी किराया सीधा दो दुगना बढ़ा दिया। भास्कर टीम ने एक टैक्सी चालक से बातचीत की। टैक्सी चालक ने दिल्ली तक पहुंचाने में 3 हजार रुपए की मांग की। रिपोर्ट ने टैक्सी चालक द्वारा मांगा गया किराया ज्यादा होने की बात कही तो टैक्सी चालक ने कहा कि भाई बार्डर बंद है। इधर उधर से घुमाकर लेकर जाना पड़ेगा। इसलिए अब किराया 200 रुपए कर दिया गया है।

कैब चालक पीरागढ़ी तक पहुंचाएंगे मगर 200 वसूलेंगे

कैब चालकों ने भी अब किराया 85 से 200 रुपए कर दिया है। इनका कहना है कि बस बहादुरगढ़ तक जाती है। वे यात्रियों को दिल्ली पीरागढ़ी तक पहुंचाएंगे। दिल्ली बाईपास चौक पर एक महिला ने कैब चालक को बस का किराया देने की बात कही तो चालक ने कहा कि बस के किराए से काम नहीं चलेगा। दो सौ रुपए लगेंगे।

पूरा भरोसा देते हैं आपको दिल्ली तक छोड़ने का

रिपोर्टर : भाई, दिल्ली जाना है कैब चालक : 200 रुपए लगेंगे रिपोर्टर : बस वाले 85 रुपए की टिकट काट रहे हैं। कैब चालक : बस दिल्ली जाती ही नहीं तो टिकट कैसे देंगे रिपोर्टर : बता रहे हैं दिल्ली पहुंचाएंगे कैब चालक : बहादुरगढ़ बार्डर से आगे कोई एक कदम भी नहीं जा सकता रिपोर्टर : तो तुम कैसे पहुंचाओगे कैब चालक : इधर-उधर के रास्तों से, आपको दिल्ली जरूर पहुंचाएंगे।

रोडवेज-आरटीए ने मारे छापे

बस स्टैंड पर बुधवार को प्राइवेट बस संचालकों की किराए के नाम पर मनमानी वसूली का खेल पकड़े जाने के दूसरे दिन गुरुवार को पूरे दिन बस स्टैंड पर इंस्पेक्टरों की टीम लगातार गश्त कर निगरानी करती रही। दोपहर दो बजे के बाद आरटीए व रोडवेज की संयुक्त टीम बहादुरगढ़ रूट पर चलने वाली प्राइवेट बसों को रास्ते में रुकवाकर जांच पड़ताल की। हालांकि कोई गड़बड़ी नहीं मिली।

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