हिमाचल में यूनिफॉर्म सिविल कोड की जरूरत नहीं:रघुवीर बाली बोले- यहां 95 प्रतिशत हिंदु, BJP की ध्रुवीकरण की राजनीति नहीं करेगी काम

शिमलाएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
AICC प्रवक्ता एवं नगरोटा से कांग्रेस प्रत्याशी आरएस बाली - Dainik Bhaskar
AICC प्रवक्ता एवं नगरोटा से कांग्रेस प्रत्याशी आरएस बाली

हिमाचल में BJP ने अपने चुनावी दृष्टि पत्र में यूनिफॉर्म सिविल कोड (समान नागरिक संहिता ) लाने का वादा किया है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी AICC के सचिव एवं नगरोटा से पार्टी प्रत्याशी रघुवीर सिंह बाली ने इसे BJP की अस्पष्ट दृष्टि का पूरक बताया है। उन्होंने कहा कि हिमाचल में 95% हिंदू हैं। हमारे राज्य में यूनिफॉर्म सिविल कोड गैर-प्रासंगिक होगी।

हम धर्मनिरपेक्ष मान्यताओं के साथ एक शांतिपूर्ण राज्य हैं। इसलिए, भाजपा के ध्रुवीकरण के संकेत हिमाचल में काम नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि हमारे देश का संविधान प्रत्येक व्यक्ति को अपने धर्म का पालन करने की स्वतंत्रता देता है।

हमारी विविधता ही हमारे देश की ताकत है। समान नागरिक संहिता हमारे देश के प्रत्येक व्यक्ति की स्वतंत्रता और स्वतंत्रता पर सीधा हमला है। यह हमारे देश की एकता की भावना के खिलाफ है।

2017 में किए वादे पूरे किए नहीं

भाजपा 2017 में नौकरी देने का वादा 5 साल पूरा नहीं कर सकी। अब, खोखले 8 लाख रोजगार का वादा कर दिया। उन्होंने कहा कि हिमाचल सबसे अधिक बेरोजगारी दर वाले 5 राज्यों में से शुमार है। उन्होंने कहा कि बेशक प्रदेश में 8 लाख बेरोजगार पंजीकृत है। हकीकत में इनका आंकड़ा 15 लाख पहुंच गया है।

OPS का जिक्र न करना धोखा: बाली

आरएस बाली ने कहा कि BJP के घोषणा पत्र में OPS का जिक्र तक नहीं है। कर्मचारियों की वेतन विसंगति दूर करने का 2017 में भी वादा किया गया था, इस बार दोबारा यही वादा किया गया। बीते पांच साल में सरकार कर्मचारियों की वेतन विसंगति दूर नहीं कर पाई।