पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

हिमाचल में बर्ड फ्लू:पौंग बांध में 1700 से ज्‍यादा प्रवासी पक्षियों की मौत, कांगड़ा में पर्यटन और मीट की बिक्री पर पाबंदी

धर्मशाला2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
पक्षियों की मौत का आंकड़ा बढ़ने पर अधिकारियों ने तत्काल पर्यटन गतिविधियों पर रोक लगा दी है। - Dainik Bhaskar
पक्षियों की मौत का आंकड़ा बढ़ने पर अधिकारियों ने तत्काल पर्यटन गतिविधियों पर रोक लगा दी है।
  • पालमपुर और जालंधर लैब से रिपोर्ट आ गई है और इसमें बर्ड फ्लू से मौत की पुष्टि हुई है

पौंग बांध में अब तक 1700 प्रवासी पक्षियों की बर्ड फ्लू से मौत हो गई है। सोमवार को पालमपुर और जालंधर लैब से रिपोर्ट आ गई है। इसमें बर्ड फ्लू से मौत की पुष्टि हुई है। मृत परिंदों में बार हेडिडगूज, ग्रे लेग गूज, कॉमन पोचार्ड प्रजाति के पक्षी शामिल हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, पक्षियों में बर्ड फ्लू EVN होने की संभावना ज्‍यादा जताई जा रही है। हालांकि, भोपाल से आने वाली रिपोर्ट के बाद ही पता चल पाएगा कि यह फ्लू का कौन सा प्रकार है। 2 जनवरी को पक्षियों के मौत का मामला सामने आया था। इसके बाद से ही पौंग बांध पर पर्यटन में रोक लगा दी है।

DC कांगड़ा राकेश प्रजापति ने पॉल्‍ट्री फार्म में विशेष एहतियात बरतने की सलाह दी है। इसके अलावा कांगड़ा के उपमंडल इंदौरा, फतेहपुर, जवाली और देहरा में चिकन और अंडे की बिक्री पर रोक लगा दी है। संबंधित दुकानें आगामी आदेश तक बंद रहेंगी। ये चारों उपमंडल पौंग बांध से सटे हुए हैं। ऐसे में प्रशासन ने यहां हाईअलर्ट जारी किया है।

राकेश प्रजापति ने कहा भोपाल की रिपोर्ट के बाद ही फ्लू के प्रकार के बारे में पता चल पाएगा। अब तक पौंग बांध में 1700 से ज्‍यादा पक्षी मर चुके हैं। पौंग बांध का एक किलोमीटर क्षेत्र रेड जोन बनाया गया है। इसके अलावा नौ किलोमीटर तक का क्षेत्र सर्विलांस जोन बनाया गया है। पौंग बांध क्षेत्र में आवाजाही पर प्रशासन ने तीन दिन पहले ही रोक लगा दी थी। पहले प्रशासन स्‍थानीय लोगों पर शिकार का शक जताया था, लेकिन पक्षियों की मौत का आंकड़ा बढ़ने पर अधिकारियों ने तत्काल पर्यटन गतिविधियों पर रोक लगा दी।

DC कांगड़ा ने पशुपालकों से भी अपील की है कि वे मवेशियों के साथ इस क्षेत्र में न जाएं। कोरोना काल के बीच फ्लू की दस्‍तक से शुरुआती दौर में ही संभलना होगा। इसलिए सभी लोगों को एहतियात बरतनी होगी। दोनों महामारियों के फैलने की स्थिति में जिला प्रशासन समेत स्‍वास्‍थ्‍य विभाग की मुश्किलें भी बढ़ सकती हैं।

अंतरराष्ट्रीय रामसर वेटलैंड पौंग बांध में आने वाले प्रवासी पक्षी ट्रांस हिमालयन से आते हैं। सर्दियों के मौसम में हिमालयन के तहत ऊंचाई वाले क्षेत्रों की झीलें जमना शुरू हो जाती हैं। ऐसे में विभिन्न देशों के यह पक्षी पौंग झील की ओर रुख करते हैं। यहां जनवरी के अंत या फरवरी की शुरुआत में होने वाली वार्षिक गणना के दौरान हजारों प्रजातियों के लाख से भी ज्यादा पक्षी दर्ज किए जाते हैं।

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- आप अपने व्यक्तिगत रिश्तों को मजबूत करने को ज्यादा महत्व देंगे। साथ ही, अपने व्यक्तित्व और व्यवहार में कुछ परिवर्तन लाने के लिए समाजसेवी संस्थाओं से जुड़ना और सेवा कार्य करना बहुत ही उचित निर्ण...

और पढ़ें