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मणिमहेश में 4 लोगों की मौत:3 शव बरामद, खराब मौसम और ऑक्सीजन की वजह से हुई मौत,पाबंदी के बावजूद लोग जा रहे हैं यात्रा पर

शिमला/चंबा3 महीने पहले
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मणिमहेश झील, जहां से दो दिनों में 4 शव बरामद हो चुके हैं। - Dainik Bhaskar
मणिमहेश झील, जहां से दो दिनों में 4 शव बरामद हो चुके हैं।

हिमाचल प्रदेश के चंबा में पवित्र धार्मिक स्थल मणिमहेश से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आ रही है। सोमवार को यहां पर 3 लोगों के शव मिले हैं, जिसमें एक महिला भी शामिल है। रविवार को भी यहां पर एक युवक का शव बरामद हुआ था, जिसकी अभी तक शिनाख्त नहीं हो पाई है। 2 दिन के अंदर यहां पर 4 लोगों के शव मिलने से हड़कंप मच गया है। रेस्क्यू टीम मौके के लिए रवाना हो चुकी है। शवों को भरमौर लाने का काम चल रहा है। चारों शवों की अभी तक शिनाख्त नहीं हो पाई है।

मिली जानकारी के अनुसार, भरमौर का रहने वाला कोई लोकल व्यक्ति डल झील के पास से वापस आया तो जहां पर झील की परिक्रमा की जाती है, वहीं पर उसे 4 लोग बेसुध हालत में मिले। उसने नीचे आकर तुरंत पुलिस को इसकी जानकारी दी, जिसके बाद रेस्क्यू टीम मौके के लिए रवाना हो गई। रेस्क्यू टीम ने मौके पर जाकर जांच की तो पता चला कि 3 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि एक घायल है। इसमें एक महिला का शव भी है। मणिमहेश झील के पास मोबाइल सिग्नल न होने की वजह से अभी किसी भी तरह की जानकारी नीचे नहीं पहुंच पाई है। ऐसे में पुलिस भी शवों के भरमौर पहुंचने का इंतजार कर रही है, ताकि इनकी शिनाख्त की जा सके। यात्रा पर रोक लगने के बावजूद लोग चोरी-छिपे जा रहे हैं और हादसों का शिकार हो रहे हैं।

शवों को नीचे लाने में लगेंगे 12 से 13 घंटे
पुलिस का कहना है कि शवों को नीचे लाने के लिए अभी 12 से 13 घंटे लगेंगे। उसके बाद ही पता चल पाएगा कि मरने वाले लोग कहां के रहने वाले हैं। अगर उसके बाद भी शिनाख्त नहीं हो पाती है तो आधार कार्ड के जरिए पहचान की जाएगी। फिलहाल अभी किसी भी तरह की जानकारी पुलिस के पास नहीं है। शवों को नीचे लाने का काम चल रहा है। रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंचकर आगामी कार्रवाई में जुटी हुई है।

पर्वतारोहियों की टीम लाएगी शवों को नीचे
हड़सर से मणिमहेश झील तक जाने के लिए लोगों को 16 किलोमीटर का रास्ता तय करना पड़ता है। खड़ी चढ़ाई होने से मणिमहेश झील तक पहुंचने में 24 घंटे से ज्यादा का समय लग जाता है। जैसे ही गौरीकुंड के पास पहुंचते हैं, ऑक्सीजन कम हो जाती है और लोग ऑक्सीजन की कमी के कारण परेशान होना शुरू हो जाते हैं। ऐसे में प्रशासन भी लगातार लोगों से यही अपील करता है कि बीमार लोग इस यात्रा पर न जाएं।

पवित्र धार्मिक स्थल मणिमहेश की यात्रा पर जाने का रास्ता।
पवित्र धार्मिक स्थल मणिमहेश की यात्रा पर जाने का रास्ता।

अभी यात्रा पर प्रशासन ने लगा रखी है रोक
भरमौर पुलिस के थाना प्रभारी विकास कुमार का कहना है कि प्रशासन ने फिलहाल यात्रा पर रोक लगा कर रखी है, लेकिन भद्रवाह और चार ग्रुप ऐसे हैं, जिन्हें वहां जाने की परमीशन दी गई है। इनकी आड़ में कुछ लोग मणिमहेश झील की ओर निकल रहे हैं, जिससे वह हादसों का शिकार हो रहे हैं। वहीं अगर लोगों को रोका जाए तो वे बहसबाजी और लड़ाई करने पर उतर आते हैं।

2 दिन से मणिमहेश में हो रही बारिश-बर्फबारी
पहली जानकारी में मौत की वजह मौसम के बदलाव को बताया जा रहा है, क्योंकि मणिमहेश में 2 दिन से लगातार बारिश और बर्फबारी हो रही है। जिससे ठंड काफी बढ़ गई है। ऐसे में ठंड की चपेट में आने से और ऑक्सीजन की कमी होने से लोगों की मौत हुई होगी, हालांकि मौत की असल वजह का पता पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद ही चल पाएगा।

मणिमहेश जाने वाले ट्रैक पर हड़सर से धन्छो के बीच का रास्ता।
मणिमहेश जाने वाले ट्रैक पर हड़सर से धन्छो के बीच का रास्ता।
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