पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

स्वच्छत भारत मिशन फेज टू:अब फेंके हुए कचराें से बनाए जाएंगे जैविक खाद

धनबाद8 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
  • स्वच्छत भारत मिशन फेज टू में होगी शाैचालयाें की मरम्मत

स्वच्छत भारत मिशन फेज वन के बाद अब फेज-दाे शुरू हाेगा। जिला पेयजल एवं स्वच्छता विभाग धनबाद प्रमंडल-2 के कार्यपालक अभियंता भीखराम भगत का कहना है कि स्वच्छत भारत मिशन फेज-टू की सबसे बड़ी व्यवस्था कचरा प्रबंधन है। स्वच्छ भारत मिशन में पहली बार साॅलिड वेस्ट मैनेजमेंट काे जाेड़ा गया है। इसका उद्देश्य गांव स्तर पर बायाे केमिकल गैस और जैविक खाद का प्राेडक्शन करना है। स्वच्छत भारत मिशन फेज-टू के तहत नया शाैचालय का निर्माण नहीं किया जाएगा। बल्कि पूर्व में निर्मित शाैचालयाें की सिर्फ मरम्मत की जाएगी।

सरकार का मानना है कि स्वच्छत भारत मिशन फेज वन के तहत शत-प्रतिशत शाैचालय का निर्माण हाे चुका है। अब उन शाैचालयाें काे उपयाेग लायक बनाए रखा जाए, जिससे स्वच्छ भारत मिशन का उद्देश्य पूरा हाे सके। इसलिए राज्य सरकार ने सभी जिलाें काे 15 तक शाैचालयाें निर्माण का पूर्णता प्रमाणपत्र देने काे कहा है।

कचरा प्रबंधन की दाे बड़ी विशेषता : सूखा व गिला दाेनाें तरह के कचराें का प्रबंधन

1. गाेबर और सूखा कचराें से बनेगा खाद : सूखा कचरा प्रबंधन के तहत गाय, बैल, भैंस, बकरी सहित अन्य जानवराें के बर्वाद हाे रहे गाेबर तथा अन्य सूखा कचराें काे एक जगह एकत्रित किया जाएगा। इन कचराें से जैविक खाद बनाया जाएगा।

2. गीला कचरा से बनेगी बायाे केमिकल गैस : ईई भीखराम भगत का कहना है कि स्वच्छ भारत मिशन-दाे में गिला कचराें के प्रबंधन की व्यवस्था भी है। इसके तहत शाैचालय और नाली के गिला कचराें काे कलेक्शन किया जाएगा। इससे बयाे केमिक्ल गैस बनाई जाएगी। ताकि उर्जा की व्यवस्था की जाए।

खबरें और भी हैं...