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  • As Soon As The Dead Body Of 8 Members Of The Sikh Family Arrived, Giridih Plunged Into Mourning, Last Rites At Marwari Crematorium

सेवाने नदी में 30 फीट नीचे गिरी बस:सिख परिवार के 8 सदस्यों का शव पहुंचते ही शोक में डूबा गिरिडीह, मारवाड़ी श्मशान घाट में अंतिम संस्कार

गिरिडीह16 दिन पहले
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सदमें में परिजन व गिरिडीह के लोग। - Dainik Bhaskar
सदमें में परिजन व गिरिडीह के लोग।

विख्यात भाई गुरुचरण सिंह के तमाम सिख समुदाय भक्त हैं। नेशनल पीटीसी पंजाबी चैनल में उनकी कीर्तन सुनने वाले भक्तों में तब उत्सुकता बढ़ गयी, जब पता चला कि जिसे वे सालों से टीवी पर देखते व सुनते आ रहे हैं, उस शख्स का रांची में पदार्पण हो चुका है, तो क्यों न ही साक्षात दर्शन की जाए और कीर्तन का भी आनंद ले लें। लिहाजा लोगों ने सामूहिक रूप से तैयारी की और गिरिडीह शहरी क्षेत्र से 52 सिख भक्त 17 सितंबर विश्वकर्मा पूजा के दिन रिजर्व शिवा बस में सवार होकर खुशी-खुशी सभी महिला-पुरूष करीब 12 गिरिडीह से रांची के लिए रवाना हो गए।

रांची रातू रोड स्थित प्रधान गुरुद्वारा में भाई गुरुचरण सिंह की शाम वाली कीर्तन में सबों को शामिल होना था। 17 सितंबर की शाम व 18 सितंबर की सुबह कीर्तन में शामिल होकर उसी दिन गिरिडीह लौटने की तैयारी भी थी। लेकिन अनहोनी बीच रास्ते में ही मुस्तैद था, जिसने इन सबों को हजारीबाग से भी पार नहीं जाने दिया। टाटी झरिया से कुछ दूर आगे बढ़ते ही सिवानी नदी की पुल पर ज्योंही बस पहुंची कि उसका आगे का गुल्ला टूट गया और बस पुल से 25 फीट नीचे नदी में जा गिरी।

जहां चंद सेकेंड में आस्था का माहौल मातम में बदल गया। चीख-पुकार से घटनास्थल पर कोहराम मच गयी। घटना का रूप देख पूरा गिरिडीह के लोगों की रूह कांप उठी। खबर मिलते ही परिजन सहित गिरिडीह से बड़ी संख्या में लाेग हजारीबाग पहुंचे, और घायलों के बेहतर ईलाज में जुट गए। हालांकि हजारीबाग प्रशासन ने भी तत्परता दिखाई और राहत व बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी रखा, लेकिन गिरिडीह के 8 लोगों की मौत हो गयी। जिसका शव शनिवार देर रात को गिरिडीह पहुंचा।

प्रधान गुरुद्वारा में पहुंच लोगों ने शोक व्यक्त की

मारवाड़ी श्मशान घाट पर शवों के अंतिम संस्कार में परिजनों को कोई परेशानी न हाे इसे लेकर मुकेश जालान के नेतृत्व में मारवाड़ी युवा मंच ने पूरी तैयारी कर रखी थी। वहीं इस घटना को लेकर सिर्फ समुदाय ही नहीं बल्कि गिरिडीह का हर समाज गम में डूबा रहा। मोंगिया की एमडी सह गुरुद्वारा के प्रधान डा गुणवंत सिंह व सलूजा गोल्ड के एमडी अमरजीत सिंह सलूजा, तरणजीत सिंह सलुजा, सतविंदर सिंह सलुजा, जाेरावर सिंह सलूजा, हरेन्द्र सिंह सलूजा, बलविंदर सिंह सलूजा सहित तमाम लोग सदमें में डूबे रहे। गिरिडीह स्टेशन रोड स्थित प्रधान गुरुद्वारा में लोगों ने गहरी शोक संवेदना प्रकट की।

बस दुर्घटना में इन लाेगाें की माैत हुई
1. रानी काैर सलूजा (70) पति हरवंश सिंह सलूजा, भंडारीडीह गिरिडीह
2. सुरजीत सिंह (28) पिता स्वर्गीय जीवन सिंह, भंडारीडीह गिरिडीह
3. कमलजीत काैर (45) पति अजीत सिंह चावला, पंजाबी माेहल्ला,गिरिडीह
4. जगतीत काैर (70) पिता स्वर्गीय जसबरी सिंह, बरगंडा, गिरिडीह
5. रविन्द्र काैर (35) पति अजीत सिंह, मकतपुर, गिरिडीह
6. अमृतपाल सिंह अराेड़ा (34) पिता इन्द्रजीत सिंह, पंजाबी माेहल्ला, गिरिडीह
7. शिवा सिंह (40) भंडारीडीह, गिरिडीह
8. भूपेन्द्र सिंह (60) मतकतपुर, गिरिडीह

विधायक ने कहा- पीड़ित परिवार के साथ पूरी सरकार
विधायक सुदिव्य कुमार साेनू ने शाेक व्यक्त करते हुए कहा कि यह दर्दनाक हादसा है। गिरिडीह काे अपूर्णीय क्षति हुई है। मृतक के परिजनाें काे आश्वासन देते हुए उनके इस दुख में पूरी सरकार पीड़ित परिवार के साथ है।

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