पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

मंदिर:3000 फीट ऊंचे पहाड़ की गुफा में बसती हैं मां ब्राह्मणी, राेमांच के साथ आस्था का ठाैर

चाईबासा7 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
  • खरसावां, खूंटी और पश्चिमी सिंहभूम के केंद्र में है पहाड़, आषाढ़ में अच्छी बारिश के लिए नंगे पांव जाते हैं ग्रामीण

3000 फीट की सीधी चढ़ाई, फिर मां ब्राह्मणी के दर्शन। प्राकृतिक नजाराें के बीच राेमांच और राॅक क्लाइंबिंग के शौकीनदाराें के साथ नवरात्र में मां भगवती के सेवकाें के लिए ब्राह्मणी गुफा बेहतरीन जगह है। चक्रधरपुर से 14 किमी दूर और केरा फॉरेस्ट रेंज में अवस्थित यह पहाड़ मां ब्राह्मणी के नाम से प्रसिद्ध है।

इस पहाड़ से सरायकेला खरसावां, पश्चिमी सिंहभूम और खूंटी जिले के सीमांत इलाकों को देखा जा सकता है। स्थानीय लोग यहां देवी भगवती की सात बहनाें में से एक ब्राह्मणी का वास मानते हैं। ऐसी आस्था है कि आषाढ़ में खेताें को अच्छी बारिश की जरूरत हाेती है ताे सैकड़ाें की तादाद में जाकर लोग इस पहाड़ पर नंगे पैर नुकीले पत्थराें पर चलकर खड़ी चढ़ाई के बाद मां की पूजा-अर्चना करते हैं। इसके बाद बारिश भी हाेती है।
मान्यता : जैन काल के गुफा हाेने के प्रमाण
पहाड़ पर एक गुफा है। गुफा में आदि काल में साधु संताें के वास करने और ध्यान लगाने की बातें कही जाती हैं। यह गुफा अब भी है। लाेग इस गुफा में अ‌ाधी दूर तक ही जा पाते हैं। कई रिसर्च में इस गुफा को जैन काल का बताया गया है।

कैसे पहुंचे : रोंडा गांव तक पक्की सड़क
चक्रधरपुर से केरा-झरझरा पीडब्ल्यूडी सड़क या टाेकलाे हाेकर राेंडा गांव पहुंचा जा सकता है। गांव में वाहन छोड़कर स्थानीय गाइड की मदद से पहाड़ पर चढ़ना होगा। पहाड़ की चोटी तक पहुंचने में करीब दाे घंटे लगते हैं।

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- आज समय बेहतरीन रहेगा। दूरदराज रह रहे लोगों से संपर्क बनेंगे। तथा मान प्रतिष्ठा में भी बढ़ोतरी होगी। अप्रत्याशित लाभ की संभावना है, इसलिए हाथ में आए मौके को नजरअंदाज ना करें। नजदीकी रिश्तेदारों...

और पढ़ें