हाईकोर्ट में यूनियन:वेलफेयर फंड की राशि भुगतान के लिए एचसीएल प्रबंधन से मिले यूनियन नेता

मुसाबनी3 महीने पहले
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मुसाबनी माइंस लेबर यूनियन (इंटक) का एक प्रतिनिधिमंडल यूनियन के अध्यक्ष अखिलेश्वर सिंह एवं कार्यकारी अध्यक्ष आनंद बिहारी दुबे के नेतृत्व में भूतपूर्व मजदूरों के संबधित मुद्दे पर एचसीएल आईसीसी के मैनेजर एचआर अर्जुन लोहड़ा से मिले। इस दौरान यूनियन नेताओं ने कहा कि एचसीएल प्रबंधन भूतपूर्व मजदूरों के वेलफेयर फंड की राशि पर भुगतान के लिए कोई पहल नहीं कर रहा है। वीआरएस के समय मजदूरों को सिर्फ उनकी जमा राशि ग्रेच्युटी और पीएफ एचसीएल द्वारा दिया गया था,जब कि वेलफेयर फंड की राशि का भुगतान नहीं किया गया था।

इस फंड के नाम पर मजदूरों का अंश दान एचसीएल उनके वेतन से कटौती करता था। इसके भुगतान के लिए एक कमिटी बनना है। जिसमें चार -चार सदस्य यूनियन और प्रबंधन के रहेगें। इसके बाद अकांउट का आडिट कराना है। इसके अकाउंट का री फाईलिंग होना भी है। ये सब नहीं होने के कारण फंड की जमा हुई राशि पर ब्याज भी नहीं मिल रहा है। इस मुद्दे पर एचसीएल प्रबंधन ने 15से 20दिन का समय मांगा है। मालूम हो कि वर्ष 2000 में ही इस वेलफेयर फंड में लगभग ₹80 लाख जमा था। अध्यक्ष एवं कार्यकारी अध्यक्ष ने भास्कर को बताया कि वर्ष 1997 से 2003 तक के एरियर भुगतान पर भी एचसीएल पहल नहीं कर रहा है। जब कि इस मुद्दे पर प्रबंधन के साथ हमारे मान्यता प्राप्त यूनियन के साथ वर्ष 2006 में एरियर भुगतान का समझौता भी हुआ था।

इस मामलें में हाईकोर्ट में यूनियन ने अपील की है। फिलहाल मामला अभी फस्ट बेंच में ही है। भूतपूर्व 36 मजदूरों के प्रशिक्षण अवधि का भी बकाये वेतन दिलाने को लेकर यूनियन के प्रयासों के संदर्भ में बताया। इस प्रतिनिधि मंडल में यूनियन के सयुंक्त सचिव एस एन मेहता,संजय बोस,पूर्णो भकत,मकड़ा पातर,सामंतों कुमार शामिल थे।

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