पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

लापरवाही की भेंट:124 करोड़ से बने विश्वविद्यालय स्कूल-कॉलेज भवन पड़े हैं बेकार, कॉलेज-विश्वविद्यालय में शिक्षक ही नहीं

जमशेदपुर24 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय - Dainik Bhaskar
जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय
  • इस्तेमाल नहीं होने के कारण और देखरेख के अभाव में कई भवनों में पड़ने लगीं दरारें
  • 26 कराेड़ की लागत से बना प्राेफेशनल काॅलेज का भवन तीन साल से तैयार, अब तक शिक्षकाें की नहीं हुई बहाली
  • जिले के 6 मॉडल स्कूल की चाबी ठेकेदारों के पास

शहर में शिक्षा का स्तर बेहतर बनाने के नाम पर 1.24 अरब की लागत नए भवन बनकर तैयार हैं। लेकिन अधिकारियाें की लापरवाही से कई भवन 3 से 4 साल से हैंडओवर का इंतजार कर रहे हैं। आलम यह कि उपयाेग व रखरखाव नहीं हाेने से कई भवनाें की दिवाराें में दरारें आ गईं हैं।

राज्य सरकार की अरबाें रुपए की याेजनाओं में शहर में जमशेदपुर महिला काॅलेज काे महिला विश्वविद्यालय में बदलने के साथ ही प्राेफेशनल काॅलेज और माॅडल स्कूल शामिल थे। लेकिन भवन बनाने के बाद इन योजनाओं में आगे कोई कार्यवाही नहीं हुई। सरकार के स्तर पर जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय और प्राेफेशनल काॅलेज के लिए अधिकारियाें व शिक्षकाें की नियुक्ति भी नहीं की गई।

अधिकारी-शिक्षकाें की बहाली नहींं हाेने से मान्यता भी फंसी

  • जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय

राज्यपाल ने फरवरी 2019 में जमशेदपुर वीमेंस काॅलेज काे यूनिवर्सिटी में अपग्रेड करने की अधिसूचना जारी की।

70 करोड़ कुल लागत, वर्तमान स्थिति सिदगाेड़ा में नया कैंपस बनकर 6 महीने से तैयार

इसलिए संचालन नहीं
यहां कुलपति, कुलसचिव समेत अन्य पदाधिकारियाें की नियुक्ति नहीं हाे पाई है। जबकि राज्य सरकार 6 महीने पहले ही इन पदाें काे स्वीकृति दे दी है।​​​​​​​

  • प्रोफेशनल काॅलेज, सिदगाेड़ा

इंजीनियरिंग की पढ़ाई शुरू करने के लिए 2017 में तत्कालीन सीएम रघुवर दास ने काॅलेज की घाेषणा की।

26 करोड़ कुल लागत, वर्तमान स्थिति 2019 से काॅलेज का भवन बनकर तैयार है

इसलिए संचालन नहीं
भवन बनने के तीन साल बाद भी काॅलेज में शिक्षक-कर्मियों का पद सृजन नहीं हाे सका। काेर्स के लिए एआईसीटीई से मान्यता भी नहीं मिल पाई है।

  • माॅडल विद्यालय, घाटशिला

सरकारी स्कूल में अंग्रेजी माध्यम की शिक्षा देने के लिए 2011 में जिले में 6 माॅडल विद्यालय बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई थी।

15 करोड़ कुल लागत, वर्तमान स्थिति माॅडल विद्यालयाें का भवन 4 साल से तैयार

इसलिए संचालन नहीं
ठेकेदारों काे करीब एक कराेड़ रु. बकाया का भुगतान नहीं होने से भवन हैंडओवर नहीं कर रहे हैं। माॅडल स्कूल दूसरे सरकारी स्कूलाें में चल रहे हैं।.

विज्ञापन निकालकर जल्द शुरू की जाएगी नियुक्ति

उच्च शिक्षा सचिव केके खंडेलवाल ने कहा कि योजनाएं पूरी तरह धरातल पर नहीं उतर पाई हैं। हालांकि वीमेंस यनिवर्सिटी से लेकर प्राेफेशनल काॅलेज तक का भवन तैयार है। सरकार ने रिक्तियाें काे भरने का आदेश दिया है। जल्द ही अधिकारियाें व शिक्षकाें की नियुक्ति शुरू कर दी जाएगी।

माॅडल विद्यालयाें के भवनाें का हैंडओवर जल्द कराएंगे

​​​​​​​शिक्षा सचिव राजेश शर्मा ने कहा-माॅडल विद्यालयाें के भवन हैंडओवर नहीं हाेने की शिकायतें मिली हैं। डीईओ काे डीसी से मिलकर समाधान करने काे कहा है। भवनाें काे हैंडओवर लेकर माॅडल विद्यालयाें काे शुरू कर दिया जाएगा। काेराेना का प्रभाव कम हाेने के बाद अन्य भवन भी प्रयाेग में लाए जाएंगे।

खबरें और भी हैं...