बैठक:करमा से पूर्व गांव के युवक-युवतियों को मांदर बजाने व गाने का प्रशिक्षण

लोहरदगा4 महीने पहले
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आदिवासी सरना सहयोग समिति सिठियो के बैनर तले सिठियो गांव में आदिवासियों का मुख्य प्राकृतिक त्योहार करमा पर्व मनाने को लेकर ग्राम प्रधान विशु उरांव की अध्यक्षता में बैठक की गई। बैठक में निर्णय लिया गया कि इस बार पूरे जोर- शोर से करमा पर्व सिठियो गावं में मनाया जायेगा। समिति का अध्यक्ष अनिल उरांव ने बताया कि विश्व आदिवासी दिवस 9 अगस्‍त को है। इसलिए सभ्यता और संस्कृति को संरक्षित करने के लिये यह जरूरी है कि गावं के युवा एवं युवतियों को अपने भाषा, संस्कृति को जीवित रखने के लिये युवाओं को मांदर बजाने के लिए सिखाया जाए।

कहा गया की युवतियों को पारंपरिक संगीत और नृत्‍य प्रशिक्षण के लिए एक माह का सभ्यता व संस्कृति पखवाड़ा चलाया जायेगा। जहां युवा एवं युवतियों को अपने सभ्यता और संस्कृति को बारीकी से सीख पाएंगे। यह पखवाड़ा शुरु कर दिया गया है जो करमा पर्व 6 सितंबर तक चलेगा।

पखवाड़ा का पहले दिन गावं के 50 से अधिक युवा और युवतियों ने भाग लिया। प्रशिक्षण में जवा उरांव और अरूण उरांव ने मांदर बजाने के लिए सिखाया। नगाड़ा बजाना विजय उरांव ने सिखाया। वहीं संगीत और नृत्य के लिए युवतियों को दिपिता उरांव, बिगेन उरांव, मोनिका उरांव ने प्रशिक्षण दिया।

मौके पर तोड़ार पंचायत मुखिया शोभा देवी, आदिवासी सहयोग समिति लोहरदगा भारत (संस्था) के अध्यक्ष शिवदयाल उरांव, बहुरा उरांव, विशेष उरांव, सचिन उरांव संतोष उरांव, जय प्रकाश उरांव, सतीश उरांव, पहान रामजीत उरांव पुजार बिनोद उरांव, महतो सुनिल उरांव, महतो संदीप उरांव, परमेश्वर महली, पहान सुकदीप उरांव सहित काफी संख्या में गांव के लोग मौजूद थे।

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