झारखंड:उप राजधानी दुमका भी कोरोना मुक्त, पॉजिटिव दोनों मरीजों की रिपोर्ट आयी निगेटिव

दुमका2 वर्ष पहले
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  • उपायुक्त राजेश्वरी बी ने दुमका के कोरोना मुक्त होने की पुष्टि की, अब तक जिले से भेजे गए 810 सैंपल

राज्य की उप राजधानी दुमका भी कोरोना मुक्त हो गई है। जिले में 5 मई को दो मरीजों का कोरोन संक्रमण का रिपोर्ट पॉजिटिव आया था। डीएमसीएच में इलाज के बाद ये फिर से निगेटिव हो गए हैं। इसकी पुष्टि दुमका की उपायुक्त राजेश्वरी बी ने की है। यह दोनों सरैयाहाट के रहने वाले थे। ये एक मई को गुड़गांव से लौटे थे। इनका इलाज दुमका मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चला और शनिवार को इन दोनों की रिपोर्ट निगेटिव आयी है। ऐसे में दुमका जिला कोरोना संक्रमण से मुक्त हो गया। इन दोनों को जल्द हॉस्पिटल से छुट्टी दे दी जाएगी।

दुमका मेडिकल कॉलेज अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में रखे गए दुमका जिला के दोनों कोरोना संक्रमितों की तीसरी जांच रिपोर्ट के लिए सैंपल शुक्रवार को पीएमसीएच धनबाद भेजा गया था। दुमका जिला से कोरोना संक्रमण जांच के लिए अब तक कुल 810 सैंपल भेजे गए। जिसमें 427 का रिजल्ट आया है। 425 लोगों के रिपोर्ट निगेटिव है। 

उधर, शनिवार को समाहरणालय सभागार में विधायक, उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक एवं विधायक के प्रतिनिधिगण की उपस्थिति में जिला आपदा प्रबंधन समिति की बैठक की गई। बैठक में उपायुक्त ने बताया कि कोविड-19 के संदिग्ध एवं कनफर्म्ड मरीजों के उपचार के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मधुवन, मोहुलपहाड़ी क्रिश्चियन अस्पताल, मोहुलपहाड़ी एवं पारा मेडिकल कॉलेज, रानेश्वर को कोविड केअर सेंटर (सीसीसी) के लिए दुमका मेडिकल कॉलेज अस्पताल, दुमका को डेडिकेटेड कोविड हेल्थ सेंटर (डीसीएचसी) के लिए, दुमका मेडिकल कॉलेज अस्पताल, दुमका को डेडिकेटेड कोविड  हॉस्पिटल (डीसीएच) के लिए एवं नवनिर्मित अस्पताल, हंसडीहा को कोविड-19 हॉस्पिटल (अल्टरनेटिव) के लिए चिह्नित किया गया है। 

वर्तमान में पुराना सदर अस्पताल को नॉन कोविड-19 सेंटर के लिये उपयोग में लाया जा रहा है। 300 बेड वाले डीएमसीएच अस्पताल में कोविड-19 के लिए सारी व्यवस्थाएं उपलब्ध है। जिले में कुल 3 वेंटिलेटर की व्यवस्था है दो का प्रस्ताव दिया गया है जल्द ही हमें उपलब्ध करा दिया जाएगा। जिले में पर्याप्त मात्रा में दवाइयां है। स्वास्थ्य जांच से संबंधी किसी प्रकार की कोई समस्या जिले में नहीं है। आपातकाल में कोरोना वायरस जांच हेतु विभाग द्वारा एक रैपिड टेस्टिंग मशीन दिया गया है। जिससे 1 घंटे के अंदर पता लगाया जा सकता है कि संदिग्ध मरीज का कोरोना निगेटिव है। जो जल्दी इंस्टॉल कर उपयोग में लाया जाएगा।

उपायुक्त ने बताया कि कोविड-19 की संभाव्य संक्रमण को ध्यान में रखते हुए रेड एवं ऑरेंज जोन से आने वाले सभी प्रवासी नागरिकों का सैंपल लेकर जांच हेतु भेजा जा रहा है तथा उन्हें 14 दिनों तक के लिए सरकारी क्वारेंटाइन सेंटर में रखा जा रहा है। ग्रीन जोन से आने वाले प्रवासी नागरिकों का स्वास्थ्य जांच कराने के पश्चात होम क्वारेंटाइन में भेजा जा रहा है। एवं स्वास्थ विभाग द्वारा उनपर निगरानी रखी जा रही है। आने वाले सभी प्रवासी नागरिकों को राशन संबंधित सामग्री दिया जा रहा है।

मजदूरों को ज्यादा आर्थिक क्षति
पोड़ैयाहाट विधानसभा क्षेत्र के विधायक प्रदीप यादव ने कहा कि लॉकडाउन में कार्य न मिलने के कारण सबसे अधिक मजदूरों को आर्थिक क्षति पहुंची है। इसे ध्यान में रखते हुए मजदूरों को उनको कार्य के लिए प्रोत्साहित करें, ताकि मजदूर बाहर निकल कर कार्य करें। उन्होंने कहा कि अक्सर ऐसा देखा जा रहा है कि बिचौलिए मजदूरों का हक मार लेते हैं। बिचौलियों पर जिला प्रशासन कार्रवाई करें। इस दौरान शिकारीपाड़ा विधानसभा क्षेत्र के विधायक नलिन सोरेन ने भी कई सारे सुझाव दिए। उन्होंने कहा कि हम सभी आमलोगों की जरूरतों को पूरा करने के लिए काम करते हैं। उनकी सुविधाओं का ध्यान रखना हमारा सर्वप्रथम कर्तव्य है।

बैठक में पोड़ैयाहाट विधानसभा क्षेत्र के विधायक प्रदीप यादव, शिकारीपाड़ा विधानसभा क्षेत्र के विधायक नलिन सोरेन, उपायुक्त राजेश्वरी बी, पुलिस अधीक्षक अंबर लकड़ा, जिला परिषद अध्यक्ष जॉयस बेसरा, विधायक के प्रतिनिधिगण एवं जिला के वरीय पदाधिकारी उपस्थित थे।

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