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गुमला में भी बारिश का सिलसिला जारी:सितंबर में 80 और 24 घंटे में 22 मिमी बारिश, 19 तक मध्यम दर्जे की बरसात होने के आसार

गुमला5 दिन पहले
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डीएसपी रोड में जलजमाव का आलम। - Dainik Bhaskar
डीएसपी रोड में जलजमाव का आलम।
  • सितंबर महीने के 14 दिनों में औसत 218.7 मिमी की 37% हो चुकी है बारिश
  • कृषि विज्ञान केंद्र के योगेश बोले-बारिश से धान को होगा फायदा

बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव बनने के कारण पिछले चार दिनों से गुमला में भी बारिश का सिलसिला जारी है। जिससे जन-जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। अब तक सितंबर माह में वर्षापात 80.3 मिली मीटर हुई है। जबकि 24 घंटे के अंदर 21.9 मिलीमीटर हुई है। इस महीने का सामान्य वर्षापात 218.7 मिलीमीटर है। कृषि विज्ञान केंद्र के योगेश सिंह ने अगले 2 दिनों तक मौसम ज्यादा खराब रहने की संभावना जताई है। इसके पश्चात 19 तारीख तक मध्यम दर्जे की बारिश हो सकती है। कृषि विज्ञान केंद्र गुमला विकास भारती बिशुनपुर द्वारा संचालित ग्रामीण कृषि मौसम सेवा अंतर्गत किसानों को यह सलाह दी गई है।

बारिश से नदियों और जलाशयों का जलस्तर बढ़ा, मौसम के कारण व्यवसाय बाधित, शाम ढलते ही पसर जाता है सन्नाटा

दलहनी फसलों एवं सब्जी के खेत से जल निकासी की उचित व्यवस्था करना आवश्यक है। इस बारिश से जहां धान की फसल को काफी फायदा होगा। वहीं पर सब्जियों में दलहनी फसलों के लिए यह हानिकारक सिद्ध होगा। लेकिन यदि कुछ सावधानी बरती जाए, तो होने वाले नुकसान से बचा जा सकता है। सभी सब्जी दलहनी फसलों के साथ-साथ मूंगफली के खेतों से जल निकासी व्यवस्था करना चाहिए। जिससे पानी कम से कम रुके।

वहीं बारिश से नदियों व जलाशयों का जलस्तर बढ़ गया है। बारिश से वैसे ग्रामीण जिनके मकान कच्चे हैं या टूटे-फूटे हैं। उन्हें घरों के गिरने का भय सता रहा है। इधर बारिश की वजह से मंगलवार को साप्ताहिक हाट का दिन होने के बावजूद शहर में भीड़ कम रही।

सरकारी कार्यालय तथा कचहरी में आम दिनों की तुलना में लोगों की आवाजाही भी कम देखी गई। खराब मौसम के कारण शहर व गांव का व्यवसाय भी प्रभावित हुआ। शहरी इलाके में शाम ढलते ही विरानी छा गई। बारिश के साथ बिजली की आवाजाही ने भी लोगों को परेशान किया।

तापमान गिरने से ठंड का अहसास, बच्चे हो रहे बीमार

लगातार बारिश से जहां तापमान में गिरावट दर्ज की गई, तो वहीं ठंड का अहसास बढ़ने लगा। बारिश से बचने के लिए लोगों को छाता व रेनकोट का सहारा लेना पड़ा। जबकि बच्चों व वृद्धों में मौसम मेंं बदलाव के कारण वायरल फीवर सहित अन्य बीमारियों की संभावना बढ़ गई है। जबकि बारिश और नालियों-सड़कों में जलजमाव से मौसम जनित बीेमारियों का प्रकोप भी बढ़ता नजर आ रहा है। लोगों ने नगर परिषद से जलजमाव से निजात दिलाने, गंदगी की नियमित सफाई व लगातार फॉगिंग की मांग की है।

शहर में जलजमाव से घरों में घुसा पानी, लोगों की परेशानी बढ़ी

बारिश से सबसे ज्यादा परेशानी हरिओम कॉलोनी और डीएसपी रोड के निवासियों के अलावा मुस्लिम बहुल क्षेत्रों के लोगों को झेलनी पड़ रही है। चूंकि बारिश की वजह और जल निकासी की व्यवस्था नहीं रहने से इन जगहों पर जलजमाव का दृश्य देखा गया। हरिओम कॉलोनी में जहां वर्षा का पानी घरों में प्रवेश कर गया, तो डीएसपी रोड में एक फीट तक जलमाव का सामना लोगों को करना पड़ा। इससे स्थानीय निवासियों के अलावा राहगीरों को परेशानी हुई। डीएसपी रोड के लोगों ने बताया कि वर्षो से वे इस समस्या को झेलते आ रहे है। किंतु आज तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।

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