ऑक्सीजन सैचुरेशन 93 से कम हो तो नजरअंदाज न करें:हेल्थ डिपार्टमेंट ने होम आइसोलेशन में रहने वाले मरीजों के लिए जारी किया गाइडलाइन

रांची21 दिन पहले
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अगर पैरासिटामोल की रोज अधिकतम चार खुराक के बाद भी बुखार कंट्रोल नहीं हो रहा है तो डॉक्टर से संपर्क करें। (प्रतिकात्मक फोटो) - Dainik Bhaskar
अगर पैरासिटामोल की रोज अधिकतम चार खुराक के बाद भी बुखार कंट्रोल नहीं हो रहा है तो डॉक्टर से संपर्क करें। (प्रतिकात्मक फोटो)

हेल्थ डिपार्टमेंट की ओर से कोरोना संक्रमित होने के बाद होम आइसोलेशन में रहने वाले मरीजों के लिए निर्देश जारी किए हैं। इसमें स्पष्ट रूप से कहा गया है कि इस दौरान अगर आपको तीन दिनों से हाई फीवर (100 डिग्री से ज्यादा) आ रहा है। सांस लेने में परेशानी है। ऑक्सीजन सेचुरेशन 93 प्रतिशत से कम आ रहा है। सांस की गति प्रति मिनट 24 से ज्यादा है। सीने में दर्द व दबाव महसूस हो रहा है, थकान व मांसपेशियों में दर्द है और मेंटल कन्फूजन की स्थिति है, तो इसे नजरअंदाज नहीं करें। तुरंत डॉक्टरों से संपर्क करें। यह स्थिति खतरनाक हो सकती है।

7 दिनों तक आइसोलेशन में रहने के बाद जांच की जरुरत नहीं
गाइडलाइन में कहा गया है कि होम आइसोलेशन में मरीज व परिजन कोविड सुरक्षित व्यवहार का पालन करें। पॉजिटिव पाए जाने के बाद अगर सात दिनों तक आइसोलेशन में रह चुके हैं और उन्हें बीते तीन दिनों से बुखार नहीं है तो उन्हें दोबारा कोविड जांच कराने की जरूरत नहीं है, लेकिन उसके बाद भी उन्हें कोविड प्रोटोकॉल का पालन करना होगा।

बिना डॉक्टरी सलाह के न कराएं कोई जांच
अन्य बीमारियों की जो दवा चल रही है, उसे चालू रखें। अगर पैरासिटामोल की रोज अधिकतम चार खुराक के बाद भी बुखार कंट्रोल नहीं हो रहा है तो डॉक्टर से संपर्क करें। डॉक्टरी परामर्श के बगैर खून जांच, एक्स रे आदि न कराएं। खुद के इलाज (सेल्फ मेडिकेशन) से बचें।