राष्ट्रपति चुनाव में क्रॉस वोटिंग करनेवालों को बक्शा नहीं जाएगा:जेपीसीसी प्रभारी अविनाश पांडे का दावा- सोनिया गांधी को जाएगी सभी की रिपोर्ट

रांची4 महीने पहले
जेपीसीसी प्रभारी अविनाश पांडे (बीच में)

झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी (जेपीसीसी) के प्रभारी अविनाश पांडे ने कहा है कि राष्ट्रपति चुनाव में क्रॉस वोटिंग करने विधायकों को बख्शा जाएगा। पांडे ने आज कहा कि उसकी पूरी रिपोर्ट पार्टी प्रमुख सोनिया गांधी को दी जाएगी। उनके निर्देशों के आलोक में अगली कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस मामले में पार्टी काफी गंभीर है। वैसे विधायकों के ऊपर कार्रवाई होगी। कांग्रेस नेतृत्व जल्द ही कार्रवाई करेगी। दरअसल, महागठबंधन के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार यशवंत सिन्हा को झारखंड में 19 में से महज 9 वोट प्राप्त हुए थे।

तीन दिवसीय दौरे पर रांची आए प्रभारी पांडे ने जिला अध्यक्षों के चुनाव के लिए दावेदारी करने वाले पार्टी नेताओं का इंटरव्यू लिया है जिसके बाद उन्होंने कहा कि शीर्ष नेतृत्व जिला अध्यक्षों की सूची जारी करेगी। वहीं उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी एकजुट है। उन्होंने कहा कि बीजेपी कितनी भी कोशिश कर ले, कांग्रेस परिवार मजबूती के साथ सोनिया गांधी के नेतृत्व में एक रहेगी।

उन्होंने कहा कि ‘आजादी की गौरव यात्रा’ को लेकर संयोजकों के साथ रणनीति तैयार की। उन्होंने बताया कि 6 दिनों तक 9 अगस्त से यात्रा हर जिले के अंदर और प्रखंड तक चलेगी। साथ ही ऐतिहासिक स्थल को यात्रा छूती चलेगी और आम जनता का सहयोग लेते हुए आगे बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि देश के सामने जो मुख्य चुनौतियां हैं। चाहे रोजगार की हो, महंगाई की हो, लॉ एंड ऑर्डर की हो इस यात्रा में सोनिया गांधी के संदेश को रखा जाएगा।यह यात्रा 13 और 14 अगस्त तक समाप्त होगी।

केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग करते हुए सोनिया गांधी और राहुल गांधी के नाम पर गलत संदेश देने का असफल प्रयास किया जा रहा है। साथ ही देश के कई राजनीतिक नेताओं को डराने धमकाने का षड्यंत्र शुरू किया है। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों कांग्रेस ने सत्याग्रह के माध्यम से प्रदेश के कार्यकर्ताओं ने सड़क पर उतर कर विरोध जताया है। आने वाले दिनों में जिस तरह से लोकतंत्र का गला घोटने का, आतंकित करने का और भाईचारे को नष्ट करने की कार्रवाई की जा रही है। उसका कांग्रेस का हर कार्यकर्ता डटकर मुकाबला करेगा। इसी के तहत सांकेतिक रूप से 2 अक्टूबर से भारत जोड़ो यात्रा की शुरुआत कन्याकुमारी से होने जा रही है। उसको आने वाले दिनों में रणनीति तैयार कर रखेंगे। ताकि देश की जनता, कांग्रेस जन और आने वाली पीढ़ी के लिए एक संदेश जा सके।

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