विधायक सरयू राय ने कहा:21 मई तक मैनहर्ट घोटाले में दोष सिद्ध अभियुक्तों पर मुकदमा नहीं हुआ, ताे जाएंगे काेर्ट

रांची2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
विधायक सरयू राय - Dainik Bhaskar
विधायक सरयू राय

विधायक सरयू राय ने कहा है कि यदि झारखंड सरकार 21 मई तक मैनहर्ट घोटाला में दोष सिद्ध अभियुक्तों के विरुद्ध मुक़दमा चलाने की ठोस कार्रवाई नहीं करती है, तो वे सरकार को बाध्य करने के लिए न्यायालय जाएंगे। इतना ही नहीं, यदि विधानसभा में दिया गया सरकार का आश्वासन 21 मई तक पूरा नहीं होता है, तो वे संसदीय कार्य मंत्री के विरुद्ध विधानसभा की अवमानना का नोटिस स्पीकर को साैंपेंगे। सरयू राय ने कहा है कि मैनहर्ट घोटाला में झारखंड उच्च न्यायालय ने अब तक दो बार स्पष्ट आदेश दिया है कि आवेदक भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के आयुक्त या सचिव के पास वाद दायर कराने जाएं।

यदि मामले में तथ्य होगा, तो ब्यूरो कार्रवाई करेगा। ब्यूरो द्वारा प्रारंभिक जांच की गई। जांच में अभियुक्त चिह्नित हो गए, उनका दोष सिद्ध हो गया। जांचकर्ता ने 6 माह पहले जांच रिपोर्ट सौंप दी है। तत्कालीन नगर विकास मंत्री दोषी पाये गए हैं। उनका नाम अभियुक्तों की सूची में पहले नंबर पर है। ब्यूरो के वरीय अधिकारियों के पास प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई करने की संचिका तब से लंबित है।

लगता है सरकार किसी दबाव में है
सरयू राय ने कहा कि उन्हाेंने यह मामला अल्प सूचित प्रश्न के माध्यम से उठाया था। गत 20 मार्च को सरकार का उत्तर देते हुए संसदीय कार्य मंत्री ने सदन को सूचित किया कि दो माह के भीतर सरकार दोष सिद्ध अभियुक्तों के विरुद्ध कार्रवाई कर देगी। आज 15 मई है, दुखद है कि विधानसभा में सरकार का आश्वासन पूरा होने में एक सप्ताह से भी कम समय रह गया है। लगता है सरकार इस मामले में दबाव में है।

पूजा सिंघल को क्लीन चिट देने वाले एपी सिंह के पक्ष में उतरे सरयू राय, निर्दोष बताया
सरयू राय ने सदस्य राजस्व पर्षद एपी सिंह के पक्ष में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पत्र लिखा है। जिसमें उन्होंने खूंटी और चतरा में हुए मनरेगा घोटाले की आरोपी वरिष्ठ आईएएस अधिकारी पूजा सिंघल को क्लीन चिट देने के निर्णय को सही ठहराया है। यह भी लिखा है कि दोषी वे अधिकारी हैं, जिन्होंने विभागीय कार्यवाही के दौरान संचालन पदाधिकारी के समक्ष आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए। इसलिए ऐसे अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई होनी चाहिए, न कि एपी सिंह के खिलाफ। मुख्यमंत्री को पत्र लिखे जाने की सरयू राय ने पुष्टि भी की।

सीएम ने दोषियों को दंडित करने की बात कही है
सरयू राय ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पिछले दिनों एक गंभीर बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि मनरेगा घोटाले की आरोपी रही पूजा सिंघल को दोष मुक्त करार देने के दोषी अधिकारी दंडित किए जाएंगे। उसके बाद दोष की सूई एपी सिंह की ओर घूम भी रही है। मुख्यमंत्री द्वारा खूंटी से जुड़े मनरेगा घोटाले के मामले में फिर से जांच के आदेश दिए जाते हैं, तो कई अधिकारियों पर नए सिरे से जांच प्रक्रिया शुरू हो सकती है। उसमें कुछ अधिकारी दोषी पाए जा सकते हैं।

खबरें और भी हैं...