कोरोना को लेकर हैरान करने वाला खुलासा:तीसरी लहर आने पर महाराष्ट्र में मरीजों की संख्या 60 लाख तक रहने की संभावना, सिर्फ 6.64% आबादी को लगी दोनों डोज

मुंबई3 महीने पहलेलेखक: विनोद यादव
  • कॉपी लिंक
महाराष्ट्र की कुल जनसंख्या करीब 12,87,65,942 है। इसमें लगभग 30% आबादी 45 प्लस उम्र की है। इस तरह राज्य के लगभग 3,86,29,783 लोगों की उम्र 45 प्लस है। - Dainik Bhaskar
महाराष्ट्र की कुल जनसंख्या करीब 12,87,65,942 है। इसमें लगभग 30% आबादी 45 प्लस उम्र की है। इस तरह राज्य के लगभग 3,86,29,783 लोगों की उम्र 45 प्लस है।

केंद्र सरकार से एक सीमित मात्रा में ही वैक्सीन उपलब्ध हो रही है। जिसकी वजह से वैक्सीनेसन में विलंब हो रहा है। कुछ लोगों को वैक्सीन का एक भी डोज नहीं मिला है। ऐसी परिस्थिति में कोरोना मरीजों की संख्या में इजाफा होना और डेल्टा वैरिएंट तेजी से फैलने की वजह से कोरोना की तीसरी लहर खतरनाक साबित हो सकती है। कोरोना की तीसरी लहर के वक्त महाराष्ट्र में मरीजों की संख्या 60 लाख तक जाने का अनुमान केंद्र सरकार ने व्यक्त किया है। ऐसी परिस्थिति में राज्य में रोजाना चार से साढ़े चार हजार मीट्रिक टन ऑक्सीजन की डिमांड रह सकती है।

मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने कोरोना की संभावित तीसरी लहर की तैयारियों का जायजा लेने के लिए शुक्रवार को सभी विभागीय आयुक्तों, जिलाधिकारियों, मनपा आयुक्तों, पुलिस आयुक्तों और उद्योग जगत के कुछ लोगों के साथ वर्चुअल मीटिंग की। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा कोरोना को नियंत्रित करने के लिए अब तक किए गए कार्यों पर पानी न फेरने की कड़ी हिदायत देते हुए कहा कि संभावित तीसरी लहर शुरू होने से पहले महाराष्ट्र में किसी भी परिस्थिति में रोजाना तीन हजार मीट्रिक टन ऑक्सीजन का प्रोडक्शन शुरू हो जाना चाहिए। क्योंकि कोरोना की दूसरी लहर के वक्त राज्य में रोजाना करीब 1,750 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की डिमांड रही और 500-550 मीट्रिक ऑक्सीजन दूसरे राज्यों से मंगाना पड़ा था। महाराष्ट्र में इस वक्त 1,300 मीट्रिक टन ही ऑक्सीजन का प्रोडक्शन हो रहा है।

कर्मचारियों के लिए पॉइंट टू पॉइंट आवागमन की व्यवस्था करने का निर्देश

मुख्यमंत्री ठाकरे ने कर्मचारियों और श्रमिकों को उनके कार्यस्थलों तक आने जाने के लिए पॉइंट टू पॉइंट आवागमन की व्यवस्था करने का निर्देश जारी किया है। उन्होंने कहा कि यदि दुर्भाग्य से राज्य में कोरोना की तीसरी लहर आती है, तो भी उद्योग शुरू रहने चाहिए और अर्थचक्र एवं जीवन चक्र की गति बरकरार रहनी चाहिए।

मुख्यमंत्री ने उद्योगपतियों से संवाद साधते हुए कहा कि कोरोना की तीसरी लहर आने पर भी महाराष्ट्र में उद्योग शुरू रखने का नियोजन अभी से किया जाए। इसके लिए एक संपूर्ण खाका तैयार किया जाए। उन्होंने बड़ी कंपनियों को अपने कर्मचारियों के रहने की व्यवस्था कंपनी के परिसर में ही करने की तैयारी करने का निर्देश दिया। जिन कंपनियों को यह संभव नहीं होगा। उन्हें जिलाधिकारी की मदद से कंपनी के करीब ही फील्ड रेजिडेंशियल एरिया तैयार करने के विकल्प पर विचार करने को कहा।

महाराष्ट्र में मरीजों की संख्या आठ-नौ हजार से नीचे नहीं जा रही

महाराष्ट्र में कोरोना की दूसरी लहर भले ही कमजोर पड़ती नजर आ रही है, फिर भी राज्य में मरीजों की संख्या अब भी आठ-नौ हजार से नीचे नहीं जा रही है। इस बात का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने कुछ जिलों में मरीजों की संख्या में वृद्धि होने पर गंभीर चिंता व्यक्त की है।

महाराष्ट्र में मृत्युदर अब भी 2.04 फीसदी

महाराष्ट्र में कोरोना मरीजों की औसत साप्ताहिक वृद्धि भले ही कम होकर 0.14% हो गई हो, परंतु मृत्युदर 2.04% होना चिंता की बात बनी हुई है। हालांकि मरीजों का डबलिंग रेट अब 502.54 दिन हो गया है, मगर मरीजों के ठीक होने की दर अब भी राष्ट्रीय स्तर 97.27% से ज्यादा नहीं हो पाया है। राज्य में कोरोना मरीजों के स्वस्थ होने का दर 96.21% है।

महाराष्ट्र में सिर्फ 6.64% आबादी को लगा दोनों डोज

खबरें और भी हैं...