मुंबई में पहली बार गे सेक्स रैकेट का पर्दाफाश:आपत्तिजनक वीडियो बनाकर ब्लैकमेल भी करते थे; तीन आरोपी गिरफ्तार, दो फरार

मुंबई4 महीने पहले

मुंबई में पहली बार 'गे सेक्स' रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है। थाना मालवानी पुलिस ने इस मामले में तीन युवकों को अरेस्ट किया है। यह गिरोह पिछले कई महीने से ऑनलाइन डेटिंग गे ऐप 'ग्राइंडर' के जरिए यह सेक्स रैकेट चला रहा था और ब्लैकमेलिंग भी करता था। पुलिस जांच में सामने आया है कि इनके क्लाइंट्स में कई हाई प्रोफाइल लोग भी शामिल हैं। इन युवकों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब इन हाई प्रोफाइल लोगों पर भी शिकंजा कस सकती है।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इरफान फुरकान खान (26), अहमद फारूकी शेख (24) और इमरान शफीक शेख (24) के रूप में हुई है। मामले के दो अन्य आरोपी फरार हैं। जांच में सामने आया है कि यह ऑनलाइन ऐप के माध्यम से 'गे' लोगों से संपर्क करते थे और उनसे पैसे लेकर सेक्स मुहैया कराने का वादा करते थे।

मामला कैसे सामने आया?
आरोपियों ने एक कंपनी में अकाउंटेंट के तौर पर काम करने वाले 23 साल के एक शख्स को गे डेटिंग ऐप के जरिए अपने जाल में फंसाया था। उससे हर घंटे के हिसाब से एक हजार रुपए की मांग की गई। सब कुछ फाइनल होने के बाद पीड़ित, आरोपी द्वारा बताए पते पर पहुंचा और वहां पहले से मौजूद चार युवकों ने उसे बुरी तरह पीटा, उसका फोन, पर्स और कुछ आभूषण छीन लिए। यही नहीं आरोपियों ने उसे धमकाकर उसके एटीएम का पिन भी ले लिया।

पुलिस के हत्थे चढ़े तीनों आरोपी इस रैकेट का हिस्सा थे।
पुलिस के हत्थे चढ़े तीनों आरोपी इस रैकेट का हिस्सा थे।

पीड़ित का आपत्तिजनक वीडियो भी बनाया
आरोपियों ने पीड़ित का एक आपत्तिजनक वीडियो भी अपने फोन से तैयार किया और उसे इंटरनेट पर डालने की धमकी देकर वहां से चले गए। यही नहीं आरोपियों ने बोरीवली के रहने वाले पीड़ित से पैसे की डिमांड भी की। पैसे नहीं देने पर यह वीडियो पीड़ित के परिवार को दिखाने की धमकी भी दी थी। पीड़ित पैसे लाने के बहाने आरोपियों के चंगुल से आजाद हुआ और घर पहुंचकर परिवार के सदस्यों को आपबीती बताई। आरोपी भी पैसे लेने के लिए उसके साथ घर के बाहर तक पहुंचे थे।

पीड़ित ने परिवार की सहायता से दर्ज करवाया केस
इसके बाद आरोपियों ने देखा कि युवक अपने परिवार के कुछ सदस्यों के साथ घर से बहार आ रहा है तो वे मौके से फरार हो गए। रविवार को पीड़ित परिवार के साथ MHB पुलिस स्टेशन पहुंचा और आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज करा दिया। घटना मालवानी पुलिस स्टेशन इलाके में हुई थी, इसलिए पुलिस ने इस केस को मालवानी पुलिस स्टेशन को ट्रांसफर कर दिया।

पुलिस की गिरफ्त में तीनों आरोपी।
पुलिस की गिरफ्त में तीनों आरोपी।

ऐसे हुई आरोपियों की गिरफ्तारी
इसके बाद पुलिस उपायुक्त विशाल ठाकुर के निर्देश पर सीनियर इंस्पेक्टर शेखर भालेराव और हसन मुलानी ने अपनी डिटेक्शन टीम के साथ सोमवार तड़के मास्टरमाइंड समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इन्हें गिरफ्तार करने के लिए पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस का सहारा लिया। आरोपियों को सोमवार शाम को बोरिवली मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट अदालत में पेश किया गया। यहां से कोर्ट ने उन्हें तीन दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया है।

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