समीर वानखेड़े VS नवाब मलिक:मलिक का नया आरोप- NCB ने उगाही के लिए किया आर्यन खान का अपहरण, SIT सामने लाएगी सच्चाई

मुंबई24 दिन पहले

नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो और महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री नवाब मलिक के बीच जारी जुबानी जंग जारी है। शनिवार को मलिक ने सोशल मीडिया में एक पोस्ट लिखा। इसमें उन्होंने NCB पर आर्यन के अपहरण का आरोप लगाया है। मंत्री मलिक ने कहा कि मैंने आर्यन खान की किडनैपिंग और फिरौती मांगने को लेकर समीर दाऊद वानखेड़े के खिलाफ SIT जांच की मांग की थी। अब दो-दो SIT (केंद्र और राज्य) बन गई हैं। देखते हैं वानखेड़े के छिपे राज कौन पहले सामने लाती है और कौन वानखेड़े की प्राइवेट आर्मी का भंडाफोड़ करती है।

शुक्रवार को NCB ने आर्यन खान ड्रग्स केस समेत 6 मामलों को NCB के DDG (ऑपरेशन) संजय सिंह के हाथ में सौंप दिया। अब इन मामलों में समीर वानखेड़े संजय सिंह को असिस्ट करेंगे। पहले यह खबर आई थी कि वानखेड़े को दिल्ली भेजा जा रहा है। हालांकि, बाद में समीर वानखेड़े और NCB दोनों ने इसका खंडन किया और कहा कि वानखेड़े अभी भी मुंबई के जोनल डायरेक्टर बने रहेंगे और उन्हें किसी भी जांच से नहीं हटाया गया है। वे NCB की बनाई उस SIT की मदद करेंगे, जिसे संजय सिंह लीड कर रहे हैं।

इन 6 ड्रग्स केस में संजय सिंह को असिस्ट करेंगे समीर वानखेड़े

  1. क्रूज ड्रग्स केस (आर्यन खान केस)।
  2. समीर खान केस ( नवाब मलिक के दामाद का केस)।
  3. अभिनेता अरमान कोहली ड्रग्स केस।
  4. मुंब्रा एमडी ड्रग्स केस।
  5. जोगेश्वरी 1 किलो चरस केस।
  6. डोंगरी एमडी ड्रग्स केस।

मलिक के आरोप लगातार नकार रहे हैं वानखेड़े
समीर वानखेड़े पर नवाब मलिक ने कई गंभीर आरोप लगाए थे। जिसके बाद उनकी की तरफ से इन आरोपों को गलत और बेबुनियाद बताया गया था। गिरफ्तारी से बचने के लिए भी वे बॉम्बे हाईकोर्ट की शरण में गए थे। जहां पर उनकी गिरफ्तारी से 72 घंटे पहले जानकारी देने का आदेश अदालत ने दिया था।

फर्जी सर्टिफिकेट का आरोप
नवाब मलिक ने समीर वानखेड़े को यह भी कहा था कि उन्होंने फर्जी दलित होने का सर्टिफिकेट लगाकर यह नौकरी हासिल की है। मलिक ने खुलेआम यह आरोप लगाया था कि वानखेडे मुस्लिम समाज से ताल्लुक रखते हैं और गलत तरीके से उन्होंने यह दस्तावेज बनवाए थे। मलिक ने इस बाबत कई सबूत भी मीडिया के सामने रखे थे। जिसमें से समीर वानखेड़े और उनकी पहली पत्नी का निकाहनामा उन्होंने पेश किया था।

इस मामले पर समीर और उनके पिता ने कहा कि ये बिल्कुल गलत आरोप हैं। हम जन्म से ही हिंदू हैं और दलित समाज से आते हैं। हमने कोई फर्जी सर्टिफिकेट नहीं बनवाया और न ही इससे नौकरी हासिल की है।