आपसी राजीनामे से मामलों के निराकरण:118 प्रकरणों का निराकरण, 4 साल से अलग रह रहे पति-पत्नी साथ रहने राजी

मुंगावली13 दिन पहले
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लोक अदालत में एक-दूसरे को माला पहनाते पति पत्नी। - Dainik Bhaskar
लोक अदालत में एक-दूसरे को माला पहनाते पति पत्नी।

मप्र राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जबलपुर एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर शनिवार को न्यायालय परिसर में नेशनल लोक अदालत लगाई गई। लोक अदालत में राजस्व, नगर परिषद, बिजली कंपनी, बैंक आदि से संबंधित प्रकरणों का आपसी राजीनामे से निराकरण किया गया। न्यायालय में 118 प्रकरणों का निराकरण किया गया।

लोक अदालत में न्यायालय में लंबित 15 आपराधिक प्रकरणों, 7 सिविल प्रकरणों का निराकरण किया गया। इसके अतिरिक्त चेक बाउंस से संबंधित 2 प्रकरणों का निराकरण किया गया इसमें 4 लाख 40 हजार की वसूली की गई7 इसके अलावा मोटर दुर्घटना दावा से संबंधित 2 प्रकरणों का निराकरण किया गया, जिसमें मृतक के परिवार वालों को लगभग 12 लाख 60 हजार की राशि का आवंटन किया गया।

लोक अदालत में माननीय अपर न्यायाधीश के प्रयासों से 4 साल से अलग रह रहे पति-पत्नी को एक साथ रहने के लिए राजी किया। बिजली कंपनी द्वारा बकाया बिलों के संबंध में नोटिस जारी कर 4 लाख 55 हजार रुपए की वसूली की गई।

नप ने 92 लंबित चल रहे प्रकरणों का निराकरण कर 2.40 लाख रुपए वसूले
न्यायालय परिसर में नेशनल लोक अदालत कई विभागों के स्टॉल लगाए गए। इनमें पुराने प्रकरणों का निपटारा किया गया। नगर परिषद ने 130 प्रकरण तैयार कर इनकी सूचना बकाया दारों के घर दी गई। इनमें समेकित, संपत्ति कर एवं जलकर आदि के प्रकरण तैयार किए गए।

इनमें से 92 प्रकरणों का आपसी सहमति से निराकरण कर करीब 2 लाख 40 हजार 898/- रुपए राशि जमा किए गए। नेशनल लोक अदालत में नप से लेखापाल मथुरा प्रसाद अहिरवार, धन सिंह राणा, मनोज तामरे, जितेंद्र तामरे, देवेंद्र राजपूत, शैलेश अग्रवाल, अनिल नामदेव, भूपेंद्र तिवारी, अमित पवार, नवेद काज़ी, देवेंद्र अहिरवार, गोलू अहिरवार, गजेंद्र दांगी आदि कर्मचारी उपस्थित रहे।

नेशनल लोक अदालत में आपसी राजीनामे से मामलों का निराकरण
चंदेरी | न्यायालय परिसर में लगाई गई लोक अदालत में शनिवार को 49 प्रकरणों का निराकरण किया गया7 इसमें बड़ी संख्या में लोगों ने शामिल होकर इसका लाभ लिया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अध्यक्ष सविता दुबे के मार्गदर्शन में तहसील विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा लोक अदालत लगाई गई। लोक अदालत में बैंक एवं नगर पालिका के प्रकरणों का भी निराकरण किया गया।

अपर सत्र न्यायाधीश शहाबुद्दीन हाशमी के न्यायालय में सिविल और क्रिमिनल के कुल 34 प्रकरण रखे गए जिसमें से 2 प्रकरणों का निराकरण हुआ। न्यायिक मजिस्ट्रेट रितिका मिश्रा पाठक के न्यायालय में सिविल व क्रिमिनल के कुल 244 प्रकरण रखे गए इसमें से 17 प्रकरणों का निराकरण हुआ।

इनमें दो प्रकरण धारा 138 (एससीएनआईए) के निराकृत हुए। नगर पालिका के 350 प्रकरण रखे गए थे जिसमें 20 प्रकरणों का निराकरण हुआ। इसमें नपा ने 87 हजार 508 रुपए की राशि वसूल की। न्यायिक मजिस्ट्रेट शालिनी भंडारी के न्यायालय में सिविल व क्रिमिनल के कुल 25 प्रकरण रखे गए जिसमें से 10 प्रकरणों का निराकरण हुआ।

नेशनल लोक अदालत की शुभारंभ में न्यायालय अधिकारी गण अपर सत्र न्यायधीश अरुण प्रताप सिंह, न्यायिक मजिस्ट्रेट राजेंद्र कुमार अहिरवार, व्यवहार न्यायाधीश अंशुल जैन, लोक अभियोजक अंशुल जैन एवं अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष दीपक श्रीवास्तव, सचिव अंशुल श्रीवास्तव, अनिल तिवारी, शैलेंद्र सुमन, इदरीश ख़ान पठान, अशोक चौरसिया आदि उपस्थित रहे।

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