भुजरिया का पर्व:बंदिशों से मुक्त होकर मना भुजरिया मिलन उत्सव

अशोकनगर2 महीने पहले
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रक्षा बंधन के दूसरे दिन मनाए जाने वाले भुजरिया का पर्व शुक्रवार को मनाया गया। इस दौरान भुजरियों की पूजा-अर्चना करने के बाद नगरवासियों ने एक-दूसरे से गले लगकर पर्व की बधाई दी और बड़ों से आशीर्वाद प्राप्त किया। रक्षाबंधन का पर्व दो दिन मनाया जाता है। पहला दिन रक्षाबंधन का होता है और दूसरा दिन भुजरिया मिलन का होता है।

इन दो दिनों के त्योहार को देखते हुए जिला प्रशासन की ओर से भुजरिया मिलन के दिन को भी अवकाश घोषित किया। जिससे इस त्योहार की उपयोगिता कितनी है इसका अंदाजा लगाया जा सकता है। शुक्रवार को शहर के तुलसी सरोवर पर भुजरिया लेकर महिलाएं पहुंची जहां पूजा करने के बाद भुजरिया का विसर्जन किया।

साथ ही कुछ लोगों ने अपने मोहल्ले में कुओं के स्रोतों थे उन स्थानों पर भुजरियों को जल स्रोतों में विसर्जित किया। इसके बाद मंदिरों में भगवान को भुजरिया अर्पित की। इस त्योहार पर लोगों ने परम्परागत रूप से एक-दूसरे से मिलकर अपने गिले-शिकवों को दूर किया।

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