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मांग:सड़क निर्माण को लेकर धरना-प्रदर्शन कर रहे नागरिकों ने किया सद्बुद्धि यज्ञ

आष्टाएक महीने पहले
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  • नौवें दिन भी जारी रहा खाचरोद में धरना प्रदर्शन,बारिश होने से खस्ताहाल सड़क पर बढ़ी समस्या

खाचरोद से लेकर सिद्दीकगंज तक स्वीकृत रोड का काम शुरू नहीं होने के विरोध में ग्रामीण युवाओं का नौवें दिन भी धरना-प्रदर्शन जारी रहा। शुक्रवार को आंदोलनकारियों ने धरना स्थल पर ही सद्बुद्धि यज्ञ किया गया। इसमें फोटो लगाकर ईश्वर से मुख्यमंत्री व क्षेत्रीय विधायक को सड़क निर्माण कार्य शुरू कराने के लिए सदबुद्धि देने की कामना के साथ आहूति डाली गई। जिसमें आसपास के ग्रामीण क्षेत्र के लोग भी पहुंचे।

हालांकि अभी तक मशीनरी नहीं पहुंची हैं जिससे काम में गति नहीं मिल पा रही हैं। वहीं प्रशासन आंदोलनकारियों को लगातार मनाता आ रहा था, लेकिन ग्रामीण अपनी बात पर ही अड़े हुए हैं। इसी बीच बारिश का सिलसिला शुरू हो चुका है जिससे खस्ताहाल रोड की हालत ओर भी खराब हो चुकी है।

शुक्रवार को भी खाचरोद-सिददीकगंज सड़क निर्माण कार्य के लिए धरना प्रदर्शन कर रहे आंदोलनकारी नौवें दिन भी डटे रहे। हालांकि अपने आंदोलन को क्रमबद्ध तरीके से बढ़ाते हुए खाचरोद धरना स्थल पर ही सदबुद्धि यज्ञ का आयोजन किया गया।

जिसमें सड़क निर्माण कराने के लिए ईश्वर से मुख्यमंत्री व विधायक को सदबुद्धि देने की कामना की गई। इस दौरान नारेबाजी भी की गई। बता दें कि 10 जून से ग्रामीण युवा धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। जो खाचरोद से लेकर सिददीकगंज व धुराडाकलां तक का 22 किमी रोड के निर्माण कार्य शुरू कराने के लिए धरने पर बैठे हैं। जब प्रशासन व जिम्मेदार जनप्रतिनिधि इस तरफ ध्यान नहीं दे रहे हैं तो वह अब क्रम बद्ध तरीके से अपने आंदोलन को आगे बढ़ा रहे हैं।

गुरुवार को जहां धरने पर बैठे लोगों ने काली पटटी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया था। सड़क निर्माण में तेजी के लिए मशीनरी नहीं आ सकी है। पिछले दिनों प्रशासन की तरफ से तहसीलदार आरएस मरावी व नायब तहसीलदार अंकिता वाजपेयी चर्चा के लिए पहुंचे थे।

इस दौरान मशीनरी आने तक के लिए 10 दिनों का समय मांगा था तथा धरना समाप्त करने को कहा था, लेकिन ग्रामीण अपनी बात पर अड़े रहे। उसके बाद से अधिकारी भी नहीं पहुंचे हैं।
निर्माण कार्य शुरू कराने में कहा फंस रहा पेंच : उक्त रोड की राशि 60 करोड़ रुपए शासन से स्वीकृत है। टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है तथा विधायक व भाजपा जिलाध्यक्ष 6 महीने पहले भूमिपूजन कर चुके हैं। इसके अलावा जिस ठेकेदार को काम करना है उसकी मशीनरी भी जिले के अंदर भाऊखेड़ी व अन्य जगह पर हैं। इसके बाद भी निर्माण शुरू कराने में विधायक व प्रशासन क्यों असमर्थ बने हुए हैं।

देरी होने से एकजुट हो रहे ग्रामीण : खस्ताहाल हाे चुकी खाचरोद-सिददीकगंज सड़क की समस्या को देखते हुए धरना आंदोलन को समर्थन मिलने लगा है। यहीं कारण है कि ग्रामीणों में आक्रोश देखने को मिल रहा है। जो अब धरने पर बैठे लोगों का अधिक से अधिक समर्थन कर रहे हैं। भारतीय किसान संघ ने लिखित रूप से समर्थन देने के बाद कांग्रेस भी इसमें कूदने की तैयारी में है।

ग्रामीणों के हल्लाबोल आंदोलन के 9 दिन पूरे
सड़क निर्माण को लेकर खाचरोद में 9 दिनों से धरना प्रदर्शन किया जा रहा है। यहां पर तभी से एक ही पोकलैंड मशीन आ सकी है। इसके अलावा प्रशासन के अनुसार धरने के शुरू दिन से ही जो मशीनें ऑन द वे थीं वह अभी तक निर्माण स्थल पर नहीं पहुंची हैं।

प्रयास किए जा रहे हैं
^शासन स्तर से सड़क स्वीकृत है जिसका निर्माण भी होना है। उसके बाद भी लोग धरने पर बैठे हैं। हमारे द्वारा उनको लगातार समझाने का प्रयास किया गया है।
-आरएस मरावी, तहसीलदार

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