पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

अनदेखी:सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रतिबंध का नहीं दिख रहा असर, जागरुकता के अभाव में उपयोग जारी

नसरुल्लागंजएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
  • एक साल पहले सिंगल यूज प्लास्टिक पर लगाया था प्रतिबंध, बाजार में धड़ल्ले से बिक रही

1 अक्टूबर से सिंगल यूज प्लास्टिक पर बैन लगाया दिया गया है। एक साल बीतने को बस कुछ ही दिन शेष है। लेकिन क्षेत्र में आज तक इस प्रतिबंध का पालन नहीं किया जा रहा है। आलम यह है कि पॉलीथिन सहित सिंगल यूज प्लास्टिक का धड़ल्ले से नगर व क्षेत्र में उपयोग किया जा रहा है। इधर लोग जागरुकता के अभाव में सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग कर रहे हैं।

एक साल में शासन-प्रशासन ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया। इससे पर्यावरण पर विपरीत असर पड़ रहा है। अब लोगों को सिंगल यूज प्लास्टिक के संबंध में जागरूक करना आवश्यक हो गया है। तब कहीं जाकर पर्यावरण को सहेजा जा सकता है। वैसे तो पर्यावरण को बनाए रखना हम सबका कर्तव्य है, लेकिन आम लोगों की आदत को बदलने में संकल्प भी आवश्यक है। हालांकि इस कार्य की जागरूकता के लिए कई संस्थाएं लगातार काम कर रही हैं, लेकिन फिर भी उन्हें आज तक सफलता नहीं मिल सकी।

उपयोग बंद करने किया जाएगा जागरूक

सिंगल यूज प्लास्टिक को 1 अक्टूबर 2019 से प्रतिबंधित कर दिया है। लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जाएगा। यदि जागरूकता के बाद भी इसे उपयोग में लाया जाता है तो जुर्माने की कार्रवाई की जाएगी।
शेर सिंह राजपूत, प्रभारी सीएमओ नप

ग्रामीणों के लिए मुसीबत बना सिंगल यूज प्लास्टिक

नगर परिषद डोर-टू-डोर कचरा एकत्रित कर ट्रेंचिंग ग्राउंड पर डाला जाता है। ये धार्मिक स्थल पहुंचने वाले मार्ग पर बनाया गया है। नसरुल्लागंज से सेमलपानी व वहां से वासुदेव पहुंच मार्ग पर रोज हजारों की संख्या में लोगों का आवागमन बना रहता है। यहीं नगर परिषद के रिक्त पड़े भूखंड पर सैकड़ों टन कचरा डाला जा रहा है। जो नसरुल्लागंज, महागांव, निम्नागांव, सेमलपानी, गौरखपुर, वासुदेव, श्यामपुर व निमोटा के ग्रामीणों के लिए बीमारी का सबब बना हुआ है। ट्रेंचिंग ग्राउंड पर सैकड़ों टन सिंगल यूज प्लास्टिक का ढेर लगे होने से यहां मवेशियों का जमावड़ा बना रहता है। ग्रामीणों के अनुसार प्रतिवर्ष इस स्थान पर 40 से 50 मवेशी पॉलीथिन व कचरा खाकर मर चुकी हैं।

व्यापारी भी नहीं करते प्रशासन का सहयोग

नगर के व्यापारियों के साथ हुई कई बैठकों में व्यापारियों ने प्रशासन को आश्वस्त किया कि वह इस अभियान को सफल बनाने में प्रशासन को सहयोग प्रदान करेगें, लेकिन आज तक व्यापारी संघ इस ओर कोई पहल शुरू नहीं की है। आलम यह है कि प्रतिदिन एक क्विंटल से अधिक पॉलीथिन की नगर में व्यापारी खपत करते हैं।

इर तरह धड़ल्ले से हो रहा है पॉलीथिन का उपयोग

80 से 100 रु. किग्रा के मान से बिक रही सिंगल यूज थैलियां। 50 किग्रा से अधिक प्रतिदिन प्लास्टिक थैलियों का उठाव रहता है। 5 हजार से अधिक प्लास्टिक के चाय डिस्पोजल का उपयोग होता है। सैकड़ों थर्माकोल के भी ग्लास व पत्तलों का उपयोग भी धड़ल्ले से जारी है। बाजार में दुकानों पर आसानी से पॉलीथिन मिल जाती है।

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- चल रहा कोई पुराना विवाद आज आपसी सूझबूझ से हल हो जाएगा। जिससे रिश्ते दोबारा मधुर हो जाएंगे। अपनी पिछली गलतियों से सीख लेकर वर्तमान को सुधारने हेतु मनन करें और अपनी योजनाओं को क्रियान्वित करें।...

और पढ़ें