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  • Every Day 36 Thousand Passengers Take Entry At Bhopal Railway Station, Out Of Which 24 Thousand Passengers Do Not Put Masks Correctly; Debate On Throwing

मास्क पहनने के तरीके पर भास्कर स्टडी:67% लोग गलत तरीके से मास्क पहन रहे; भोपाल स्टेशन पर 36 हजार में से 24 हजार यात्रियों का मास्क नाक या मुंह से नीचे मिला

भोपाल2 महीने पहलेलेखक: विकास वर्मा
  • भास्कर अपील- कोरोना से लड़ाई में हर व्यक्ति की भूमिका अहम है, इसलिए हमेशा सही तरीके से पहनें मास्क

कोरोना के इतने भयावह हो जाने के बाद भी लोग संभल नहीं रहे। इस बीमारी से बचाव का सबसे पहला साधन है मास्क और लोग उसे भी सही ढंग से पहन नहीं रहे।

सही तरीके से मास्क न पहनने वाले किसी एक शहर नहीं, बल्कि पूरे में देश में हैं। ऐसे लोगों पर स्टडी के लिए हमने मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के रेलवे स्टेशन को चुना। वहां लगी मशीन के 22 घंटे का डेटा स्कैन किया। इससे पता चला कि 67% लाेगों ने गलत तरीके से मास्क पहन रखा था।

भोपाल के प्लेटफॉर्म नंबर-1 और 6 के एंट्री प्वाइंट से रोजाना करीब 36 हजार यात्री गुजरते हैं। इनमें से करीब 24 हजार (करीब 67%) यात्री ऐसे निकले जिन्होंने गलत तरीके से मास्क पहन रखा था। इनका मास्क या तो गले पर लगा या नाक से नीचे। यह जानकारी रेलवे की ओर से स्टेशन पर लगाई गई थर्मल इमेजिंग स्कैनर मशीन की मदद से निकली।

दरअसल, स्टेशन पर आने वाले यात्रियों के मास्क अनिवार्य है, ऐसे में रेलवे ने जुलाई 2020 में यह मशीन प्लेटफॉर्म नंबर-1 और प्लेटफॉर्म नंबर-6 के एंट्री प्वाइंट्स पर लगाई थी। ऑन ड्यूटी आरपीएफ स्टाफ ने बातचीत में बताया कि कई बार सही तरीके से मास्क नहीं लगाने वाले यात्रियों को टोकने पर वो बहस पर उतारू हो जाते हैं। कुछ तो समझाइश देने पर मान जाते हैं लेकिन कुछ लोग अपनी गलती मानने की बजाय उल्टा बहस करते हैं।

अगर किसी का बॉडी टेम्परेचर तय मानक से अधिक होता है, या कोई व्यक्ति बिना मास्क लगाए या सही ढंग से मास्क नहीं लगाकर इस कैमरे के सामने से गुजरता है तो तुरंत एक अलार्म बजता है। जिसके बाद आरपीएफ के जवान संबंधित यात्री को रोककर उसे डॉक्टर्स से जांच कराने भेज देते हैं। वहीं जो व्यक्ति सही ढंग से मास्क नहीं लगाता उसे समझाइश देकर, मास्क सही कराकर जाने देते हैं।

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