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रेलवे के टेक्नीशियन से ठगी:ऑनलाइन कंपनी ने 1100 की जगह 750 वाॅट का प्रेस भेजा, रिफंड के लिए जालसाज ने ATM नंबर पूछ उड़ाए 99 हजार रु.

भोपाल2 महीने पहले
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रेलवे के टेक्नीशियन के बैंक खाते से साइबर जालसाज ने 99 हजार रुपए उड़ा दिए। बताया गया कि ट्रेक्नीशियन ने फ्लिपकार्ट में 1100 वाॅट का प्रेस बुक किया था। इस पर कंपनी ने उन्हें 750 वाॅट का प्रेस भेज दिया। रिटर्न करने के लिए उनकी बहू ने गूगल में फ्लिपकार्ट कस्टमर केयर का नंबर सर्च किया। यहां मिले नंबर पर बात करने पर उनसे कैश रिटर्न करने के लिए एटीएम का नंबर मांगा गया। थोड़ी देर बाद खाते से 99 हजार 321 रुपए कट गए। तुरंत ही उन्होंने कार्ड ब्लाॅक कराया। स्टेशन बजरिया थाना पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपी की तलाश में जुटी है।

जानकारी के मुताबिक एमजी-111 एण्डस स्टेट करारिया फार्म में रहने वाले सुनील कुमार वाजपेयी रेलवे कोच फैक्ट्री भोपाल में टेक्नीशियन हैं। उन्होंने बताया कि 3 अक्टूबर 2021 को फ्लिपकार्ट से कपड़े की प्रेस का ऑर्डर दिया था। 10 अक्टूबर को डिलीवरी मिली। सुनील का कहना है कि उन्होंने 1200 रुपए में 1100 वाॅट का प्रेस बुक किया था, लेकिन डिलीवरी 750 वाॅट की मिली।

दो दिन बाद उनकी बहू ने रिफंड के लिए गूगल पर फ्लिपकार्ट का कस्टमर केयर नंबर सर्च किया। सर्च में मोबाइल नंबर 9836094072 मिला। बहू ने फोन लगाया। फोन रिसीव करने वाले ने खुद को फ्लिपकार्ट कंपनी का कर्मचारी बताया। टेक्नीशियन की बहू ने उसे बताया कि हमने जो प्रेस खरीदा है, उसे वापस करना है। उक्त व्यक्ति ने कहा कि आपका रिफंड किसी खाते में वापस करना चाहते हैं। इस पर रिफंड की राशि भेजने के लिए उससे एटीएम का नंबर ले लिया। थोड़ी देर बाद सुनील के बैंक खाते से 99321 रुपए कट गए। आरोपी ने 1 घंटे के अंदर 4 ट्रांजेक्शन किए। खाते में करीब 4 लाख 60 हजार रुपए थे।

माफी मांगी, कहा- खाता चालू कर लो...
खाते से रकम कट जाने के बाद सुनील ने जालसाज को फोन किया। वह उनसे माफी मांगने लगा। कहने लगा कि मैं आपका पैसा वापस कर दूंगा। आप अपना खाता क्लोज मत करिए। उसे दोबारा चालू करा लीजिए। इसके दूसरे दिन फिर आरोपी ने उन्हें फोन कर कहा कि आपने अपना खाता बंद क्यों करवाया, उसे जल्दी से चालू करवा लो, मैं पैसा डाल रहा हूं।

देरी से मिले ट्रांजेक्शन के मैसेज
सुनील ने बताया कि ट्रांजेक्शन के मैसेज उनके मोबाइल में करीब 1 घंटे बाद मिले। मैसेज में देरी होने की वजह से जालसाज लगातार ट्रांजेक्शन करता रहा। यदि मैसेज समय से मिल जाता, तो जल्द ही एटीएम ब्लाॅक करा देते। सुनील ने बताया कि जालसाज ने उनके बैंक खाते से रकम कैसे ट्रांसफर की उन्हें अंदाजा ही नहीं लगा पा रहा।