• Hindi News
  • Local
  • Mp
  • Bhopal
  • Former Chief Minister Digvijay Singh Will Be Involved In The Dharna Program At Karond Mandi; Farmer Organizations Called India Bandh To Withdraw All Three Agricultural Laws

भोपाल में संयुक्त किसान मोर्चा का बंद:पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह बोले- किसान संगठन राजनीतिक दलों से परहेज न करें, अपने आंदोलन में कांग्रेस के साथ भाजपा को भी बुलाए

भोपाल9 महीने पहले
धरने पर बैठे पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह।

केंद्र सरकार के तीनों कृषि कानूनों का विरोध कर रहे किसान संगठनों ने सोमवार को एक दिवसीय भारत बंद बुलाया है। भोपाल में भारत बंद पर किसान संगठनों के साथ पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह करोंद मंडी के गेट पर धरना दिया। इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री ने किसानों और कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि कृषि कानून बनाने से पहले किसानों की राय नहीं ली।अंग्रेजी हुकूमत में भी गांधी जी जब आंदोलन कर रहे थे उसमें अदालत में जा सकते थे।

कृषि कानून में अदालत में जाने का अधिकारी छीन लिया गया। जब किसानों की फसल आती है ततब विदेशों में आयात शुरू कर देते है। यह तीन कानून सिर्फ किसानों के ही नहीं उपभोक्ताा विरोधी भी है। दिग्विजय सिंह ने कहा कि मुझे कल ही बताया गया कि इसलिए यहां ज्यादा लोग एकत्रित नहीं हो पाए। उन्होंने किसान संगठनों को से कहा कि राजनीतिक दलों से परहेज न करें। किसान अपने आंदोलन में कांग्रेस के साथ-साथ बीजेपी को भी बुलाए।

धरने के बाद आयोजित एक प्रेसवार्ता में सरस्वती शिशु मंदिर को लेकर दिए बयान पर पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने कहा कि मैं महंगाई, भ्रष्टाचा, बेरोजगारी, किसानों की बात करता हूं तो कोई नहीं दिखाता। सिर्फ वह दिखया जाता है जो भाजपा चाहती है। भारत बंद के असर को लेकर पूछे सवाल पर उन्होंने कहा कि असर दिल्ली, हरियाणा, पंजाब में देखा जा सकता है।

बता दें पूरे देश में 40 संगठनों के संयुक्त किसान मोर्चा ने भारत बंद बुलाया है। बंद को कांग्रेस समेत सभी विपक्षी पार्टियां शामिल हो रही हैं। धरना स्थल पर कलेक्टर अविनाश लवानिया, डीआईजी इरशाद वली समेत बड़ी संख्या में पुलिस बल के साथ मौजूद था। ड्रोन से निगरानी की जा रही थी।

मध्य प्रदेश भारतीय किसान यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष अनिल यादव ने बताया कि हम शांति पूर्ण प्रदर्शन करके मंडी बंद कराने कराना चाहते थे,लेकिन जनता की आवाज दबाने वाले सरकार ने पुलिस को आगे कर दिया। उन्होंने कहा कि बंद को कांग्रेस समेत सभी पार्टियों का समर्थन मिला है। हम अपनी लड़ाई आगे जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि किसानों का संघर्ष पिछले 11 महीने से जारी है। हम पूरे देश में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन अब किसानों के सब्र का इम्तेहान होर हा है। आगामी चुनाव में किसान अपनी ताकत दिखाएंगे।

जिला प्रशासन और पुलिस ने करोद मंडी के मुख्य द्वार को बैरिकेडिंग कर बंद कर दिया था। भारी संख्या में धरना स्थल पर पुलिस बल तैनात था। नेताओं के भाषण के बाद दिग्विजय सिंह ने किसान संगठन के पदाधिकारियों के साथ कलेक्टर अविनाश लवानिया को ज्ञापन देकर धरना खत्म कर दिया।

धरना स्थल पर तैनात पुलिसकर्मी।
धरना स्थल पर तैनात पुलिसकर्मी।

भोपाल में खुली दुकानें, असर नहीं

भोपाल में बंद का असर नहीं दिखाई दे रहा है। सुबह से ही दुकानें खुली हुई हैं। कोलार के बाजार खुले हैं तो पुराने शहर की दुकानें भी खुल गई है। बंद के आह्वान को लेकर किसी भी व्यापारिक संगठन ने समर्थन नहीं दिया है।

भोपाल के कोलार में खुली दुकानें।
भोपाल के कोलार में खुली दुकानें।
खबरें और भी हैं...