व्यापमं में अब अगले साल तक इंतजार:दिसंबर तक पीईबी नहीं लेगा कोई बड़ी परीक्षा, ढाई लाख पर ओवरएज का संकट

भोपाल10 महीने पहलेलेखक: राहुल शर्मा
पीईबी अब तक जिस एजेंसी से परीक्षाएं आयोजित कराता था, उसकी जांच चल रही, दूसरी एजेंसी के बारे में अभी फैसला नहीं।

यदि आप प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड (पीईबी) उर्फ व्यापमं से जुड़ी परीक्षाएं पास कर सरकारी नौकरी का इंतजार कर रहे हैं तो इसके लिए अब अगले साल तक इंतजार करना होगा, क्योंकि पीईबी इस साल दिसंबर तक कोई बड़ी परीक्षा नहीं लेगा। इसमें भर्ती परीक्षाएं भी शामिल हैं। दरअसल जिस एजेंसी के जरिए पीईबी परीक्षाएं आयोजित कराती है, फिलहाल उसकी जांच चल रही है।

हाल ही में पीईबी ने भर्ती परीक्षाओं में बड़ी गड़बड़ी मिलने के बाद ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी सहित तीन परीक्षाएं निरस्त कर दी थीं। इनमें मिली गड़बड़ी की जांच जारी है। इसलिए बोर्ड अभी जांच पर फोकस कर रहा है। भर्ती परीक्षाओं पर नहीं। दिसंबर तक परीक्षाएं न कराने के फैसले से प्रदेश के करीब ढाई लाख युवाओं पर ओवरएज होने का संकट मंडरा रहा है।

ये वे युवा हैं, जो पिछले साल ही 33 वर्ष की आयु पूरी कर चुके हैं और अब परीक्षा के लिए आयु सीमा 38 वर्ष करने की मांग कर रहे हैं। अभी ये सीमा 33 वर्ष ही है। पीईबी के अध्यक्ष आईसीपी केशरी का कहना है कि पीईबी की परीक्षाएं दिसंबर तक नहीं होंगी। अब तक किसी परीक्षा की तारीख घोषित नहीं है। केवल संभावित महीने दिए गए थे। हाल ही में निरस्त की गई तीन परीक्षाओं की भी अब तक तारीख घोषित नहीं हो सकी है।

  • बड़ी वजह- गड़बड़ी मिलने के बाद तीन परीक्षाएं निरस्त कर उनकी जांच में जुटा है बोर्ड
  • बोर्ड का तर्क- किसी परीक्षा की तारीख घोषित नहीं की है, इसलिए इन्हें आगे बढ़ा दिया है

ये परीक्षाएं फरवरी-मार्च में हो सकती हैं

फरवरी 2022

1. समूह-2 उप समूह-1 में ग्रामीण उद्यान विकास अधिकारियों के पदों की भर्ती 2. समूह-4 सहायक ग्रेड-3, स्टेनोटापिस्ट, डाटा एंट्री ऑपरेटर व अन्य पदों की भर्ती परीक्षा। 3. समूह-1 उप समूह -3 हाउस कीपर,साइकेट्रिक सोशल वर्कर, कार्यक्रम प्रबंधक बाल संरक्षण जिला प्रबंधक कौशल उन्नयन एवं रोजगार और अन्य पदों के लिए भर्ती परीक्षा।

मार्च 2022

1. समूह-2 उप समूह-2 कनिष्ठ लेखा अधिकारी व अन्य पदों के लिए भर्ती परीक्षा। 2. कौशल संचालनालय के अंतर्गत प्रशिक्षण अधिकारी के पदों के लिए भर्ती परीक्षा। 3. समूह-2 उप समूह-3 सहायक लोक विश्लेषक/रसायनज्ञ -2 व अन्य पदों के लिए भर्ती परीक्षा। 4. समूह-1 उप समूह -1 के अंतर्गत जिला प्रबंधक (कृषि) प्रबंधक व अन्य पदों की भर्ती परीक्षा।

सात विभागों में 1.16 लाख पद खाली, इनमें 70 हजार सिर्फ स्कूल शिक्षा के

राज्य सरकार के पुलिस, स्कूल शिक्षा, वन, स्किल डेवलपमेंट और स्वास्थ्य विभाग सहित 7 विभागों में अलग-अलग श्रेणी के 1 लाख 16 हजार पद खाली हैं। इन पदों को प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड, एमपी पीएससी जैसी एजेंसियों से भर्ती परीक्षा कराकर भरा जाना है। जबकि प्रदेश के 29 लाख से ज्यादा युवा ऐसे हैं, जिन्हें इन पदों पर भर्ती शुरू होने का इंतजार है।

मंत्रालय सूत्रों के मुताबिक सबसे ज्यादा 70 हजार पद शिक्षकों के खाली हैं, जिनमें से 30 हजार पदों पर नियुक्ति के लिए भर्ती परीक्षा से लेकर उम्मीदवारों के सिलेक्शन तक की कार्रवाई पूरी हो चुकी है। लेकिन, संबंधितों के नियुक्ति आदेश सिलेक्शन प्रक्रिया पूरी होने के 3 साल बाद भी जारी नहीं हुए हैं।

ऐसी ही स्थिति डिस्ट्रिक फेसिलिटेटर पद पर उम्मीदवारों की भर्ती प्रक्रिया की है। राज्य के 51 जिलों में डिस्ट्रिक फेसिलिटेटर के 102 पद थे, जिन पर 2019 में भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई थी, जो उम्मीदवारों के सिलेक्शन के बाद से रुकी हुई है।

डॉक्टरों के पांच हजार खाली पदों की भर्ती में रिजर्वेशन का रोड़ा

स्वास्थ्य संचालनालय के सूत्रों ने बताया कि डॉक्टर (असिस्टेंट सर्जन - मेडिकल ऑफिसर) के 5 हजार पद खाली हैं। इसकी बड़ी वजह आरक्षण है। जो पद खाली हैं, उनमें 80% आरक्षित श्रेणी के हैं, जिन पर भर्ती के लिए संबंधित वर्ग के उम्मीदवार नहीं मिल रहे हैं।

1235 पटवारी की पोस्टिंग अटकी

सरकार ने दिसंबर 2017 में पटवारी भर्ती परीक्षा कराई थी। 9235 पद भरने थे। अगस्त 2018 से शुरू हुई काउंसलिंग में 2 हजार उम्मीदवार शामिल नहीं हुए। सरकार फरवरी 2020 तक 8 राउंड की काउंसलिंग कर चुकी है। फिर भी 1235 पद खाली हैं। चयनित अभी भी पोस्टिंग के इंतजार में हैं।