पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

महिला नर्सिंग एएनएम का जज्बा:विपरीत परिस्थितियों में भी एएनएम ने वैक्सीनेशन का संभाला मोर्चा, अब तक 40 हजार को लगा चुकीं टीका

रायसेन15 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
  • अनिता डेढ़ वर्षीय बेटे के साथ तो गीता पति के स्वास्थ्य खराब होने पर भी बखूबी निभा रही दायित्व

शत प्रतिशत वैक्सीनेशन अभियान को सफल बनाने और नगर को सुरक्षित करने को लेकर स्वास्थ्य अमला दिन रात डयूटी करने में लगा हुआ है। वैक्सीनेशन महाअभियान के शत प्रतिशत केन्द्रों की जिम्मेदारी महिला नर्सिंग एएनएम ने संभाल रखी है, जबकि ग्रामीण अंचलों में वैक्सीनेशन का कार्य करना महिला कर्मियों को बड़ा मुश्किल भरा सफर रहता है।

क्योंकि छोटे-छोटे बच्चों को या तो घर अकेले छोड़कर जाना पढ़ता है या साथ में लेकर केन्द्रों पर पहुंचना पढ़ रहा है। 16 जनवरी से शुरु हुए वैक्सीनेशन को लेकर अब तक लगभग चार सौ केन्द्र बनाये जा चुके हैं। जिनकी जिम्मेदारी लगभग 21 एएनएम कर्मियों ने संभाल रखी है। साथ ही 352 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिकाएं और आशा उषाएं भी गांव-गांव एवं वार्डों में जाकर वैक्सीनेशन के लिए प्रेरित कर रही है।

डेढ़ साल के बेटे को साथ लेकर लगाती हैं वैक्सीन
बांसादेही केन्द्र पद पदस्थ एएनएम अनीता सिंह भाटिया ने बताया कि वह शुरूआत से ही वैक्सीनेशन कार्य में लगी हैं अब तक 70 केन्द्रों पर वैक्सीनेशन का कार्य संभाल चुकी है। अपने डेढ़ साल के बेटे को लेकर दूसरे गांवों में जाकर लगा रही हैं टीका।

पति अस्वस्थ रहते हैं फिर भी लोगों की चिंता पहले
उपस्वास्थ्य केंद्र घोघरी में पदस्थ एएनएम गीता श्रीवास्तव बिना अवकाश लिए वैक्सीनेशन का जिम्मा संभाले हुए हैं गीता के पति अस्वस्थ रहते हैं, उनकी देखभाल करने के बाद वह स्वास्थ्य केंद्र भी समय पर पहुंचती है, ताकि लोग सुरक्षित रह सकें।

60 की उम्र भी सेवा कार्य में आत्मविश्वास से भरीं
बेगमगंज स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थ 60 वर्षीय सरोज शर्मा का पूरा परिवार रायसेन में रहता है। यहां अकेले रहती है। इस उम्र में भी वह आत्मविश्वास व पूरी ऊर्जा के साथ लोगों को वैक्सीन लगाने में अहम भूमिका निभा रही है।

खबरें और भी हैं...