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अपनी सुरक्षा अपने हाथ:रोज हजारों श्रद्धालु आ रहे सलकनपुर पर कोई जिम्मेदार नहीं कह रहा कि सोशल डिस्टेंस में रहो

सीहोर8 महीने पहले
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  • सीएम ने नवरात्र में हर मंदिर खोलने की घोषणा की, बुधवार को हजारों श्रद्धालु पहुंचे

सनवरात्र में सलकनपुर देवी धाम खुलने को लेकर अभी निर्णय नहीं हो पाया है पर सीएम ने बुधवार काे नवरात्र में हर मंदिर खाेलने की घोषण कर दी है। इससे पहले ही लोग दर्शन करने के लिए मंदिर में पहुंचने लगे हैं। इनकी संख्या भी हजारों में है। बुधवार को भी करीब 30 श्रद्धालु दर्शन करने के लिए पहुंचे। अगर हम यहां कोविड गाइड लाइन के पालन की बात करें तो बेमानी होगी क्योंकि रोज इतने श्रद्धालु पहुंचने के बाद भी ऐसा कोई जिम्मेदार नहीं दिखाई देता है जो यहां खड़े होकर श्रद्धालुओं से कहे कि दर्शन करिए लेकिन सुरक्षित होकर। यहां पर ना तो कोई मास्क लगा रहा है और ना ही सोशल डिस्टेंस दिखाई दे रही है। जब अभी ये हालात हैं तो अगर नवरात्र में धाम खुला तो हालात और बदतर हो सकते हैं। पिछले दिनों जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की एक बैठक हुई थी जिसमें नवरात्र में सलकनपुर देवी धाम को बंद रखने पर सभी ने सहमति जताई थी लेकिन अंतिम निर्णय सीएम शिवराज सिंह चौहान पर छोड़ दिया था।

पिछले सप्ताह से बढ़े श्रद्धालु
अभी नवरात्र शुरू होने में तीन दिन बचे हैं लेकिन सलकनपुर में अभी से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ होने लगी है। बुधवार को भी करीब 30 हजार श्रद्धालु यहां पहुंचे। पिछले एक सप्ताह से यहां पर 30 से 40 हजार तक श्रद्धालु प्रतिदिन आ रहे हैं। इससे लगता है कि कोविड-19 कोरोना पर भी आस्था भारी दिखाई दे रही है।

पदयात्री भी आने लगे
सलकनपुर के चारों मार्गों से लगातार पदयात्री माता के ध्वज हाथ में लिए जय माता दी उद्घोष के साथ सलकनपुर मंदिर पहुंच रहे हैं। इनकी संख्या भी प्रतिदिन हजारों में पहुंच गई है। माना जा रहा है कि लोगों को लग रहा है कि कहीं नवरात्र में मंदिर बंद न रहे, इसलिए लोग अभी से दर्शन करने आ रहे हैं।

लोगों को गाइड लाइन पालन के दे रहे निर्देश
एसडीएम शैलेंद्र हिनोतिया ने बताया कि मंदिर के सेवादार, पुलिस बल, राजस्व विभाग सहित अन्य लोगों को लगाकर सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क पहनने के लिए श्रद्धालुओं को समझाइश दी जा रही है। बुधवार को पूरे दिन मंदिर पहुंचने वाले दर्शनार्थियों की आवाजाही लगी रही।

जागरूकता की कमी: पुलिस वाले लोगों से मास्क लगाने का कहते हैं पर कोई सुनता नहीं
यहां पर हर दिन जो हजारों लोग आ रहे हैं उनमें कोरोना को लेकर जागरुकता नहीं है। ना ही यहां पर ऐसी कोई व्यवस्था है जिससे नियमों का पालन हो सके। कुछ पुलिसकर्मी यदि किसी को मास्क लगाने की हिदायत देते भी हैं तो उनकी कोई नहीं सुनता है। लोग अनसुनी कर चले जाते हैं। बुधवार को भी यहां पर पेड़ों की छांव में सैकड़ों लोग बैठे थे लेकिन इक्का-दुक्का को छोड़ किसी ने भी मास्क नहीं लगाया था। सोशल डिस्टेंस का तो कहीं पर भी पालन नहीं हो पा रहा है। पुजारियों द्वारा अंदर तो सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराया जा रहा है लेकिन मंदिर प्रांगण में इन सब का अभाव बना हुआ है। बुधवार को तो इतनी अधिक भीड़ थी कि दर्शन के दौरान भी श्रद्धालु पुजारियों की भी नहीं मान रहे थे और सोशल डिस्टेंसिंग का अभाव वहां पर देखा गया। शारदीय नवरात्र 9 दिन मंदिर खुला रहा तो कोरोना संक्रमण के फैलने का खतरा बढ़ जाएगा।

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